असमय काल के गर्त में गए बच्चों की मौत का जिम्मेदार खनिज माफिया व खनिज विभाग है

9:47 pm or August 3, 2022
डॉ राघवेन्द्रसिंह तोमर
अभिभाषक एवं बाल अधिकार कार्यकर्ता
मन्दसौर ३ अगस्त ;अभी तक;  जिले के संजीत मार्ग पर ग्राम मूंदड़ी में पानी डूबने से  4 बच्चों की असमय मृत्यु हमारी व्यवस्था पर सवाल खड़े करते है । यह बच्चे खदान में डूबने से मौत के मुँह में समा गए । लगातार आवाज उठाई जाती रही है कि खनन माफिया शासन के नियमों के विपरीत खादानों का संचालन कर रहे है,इनके यहां किसी प्रकार के सुरक्षा प्रबंध नहीं है ।अगर सभी खदानों की गंभीरता से जांच कर उनका भौतिक सत्यापन किया जाए तो अरबों रुपये का घोटाला सामने आएगा और यह भी प्रमाणित होगा कि किस प्रकार खनिज विभाग व खनिज माफिया मिलकर धांधली कर सरकार को अभी तक करोड़ों का चूना लगा चुके है ।
खनिज माफिया व जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही के कारण चार परिवार के दीपक बुझ गए क्या इसकी भरपाई की जा सकती है इस बात का जवाव चाहिए हमें….
                    क्या दीपक सिंघला उम्र 16 साल,कुणाल कछावा उम्र 16 साल,ध्रुव शर्मा उम्र 17 साल,तरुण सिंह सोलंकी उम्र 15 साल को वापस उनके परिजनों को जीवित लौटाया जा सकता है । कितना बड़ा वज्रपात हुआ है उनके परिजनों पर इसकी जिम्मेदारी कोई लेगा या सिर्फ दो चार दिन घड़ियाली आंसू बहाकर सब इसे भी हमेशा की तरह एक घटना समझकर भूल जाएंगे । मैं कलेक्टर मन्दसौर से मांग करता हूँ कि इस घटना की जांच कराई जाए और जांच किसी जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली कमेटी से कराई जाए ताकि कोई लीपापोती न हो सके ।
इस घटना से मन भरा हुआ है,भगवान से प्रार्थना है कि मृतक बच्चों के परिवार को इस वज्रपात को सहने की शक्ति प्रदान करें और दिवंगत मासूमों को अपने श्री चरणों में स्थान दे।