आजादी का अमृत महोत्सव कार्यक्रम अंतर्गत विधि महाविद्यालय में विधिक साक्षरता शिविर

7:34 pm or November 13, 2021
महावीर अग्रवाल 

मंदसौर १३ नवंबर ;अभी तक;    राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं म.प्र. राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर के दिशा-निर्देशानुसार दिनांक 02.10.2021 से 14.11.2021 तक आजादी का अमृत महोत्सव कार्यक्रम के अनुक्रम में माननीय प्रधान जिला न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, मंदसौर श्री विजय कुमार पाण्डेय के मार्गदर्शन में दिनांक 13.11.2021 को स्थान जवाहरलाल नेहरू स्नातकोत्तर विधि महाविद्यालय, मंदसौर में विधिक साक्षरता शिविर एवं वाद विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।

                  विवाह संबंधी कानून पर्याप्त है :- विषय पर वाद विवाद प्रतियोगिता का आयोजन अखिल भारतीय जागरूकता एवं पहुंच कार्यक्रम व विधिक सेवा सप्ताह के अंतर्गत अतिरिक्त गतिविधियों के परिपालन में किया गया।
                    उपरोक्त आयोजित शिविर के प्रारंभ में श्री मो. रईस खान द्वारा विद्यार्थियां को विधिक शब्द का अर्थ बताते हुए वरिष्ठ नागरिकों व माता-पिता के कल्याणार्थ एवं भरण-पोषण अधिनियम के संबंध में विस्तार पूर्वक जानकारी दी। साथ ही क्षेत्र में एन.डी.पी.एस. एक्ट संबंधी अपराधों के प्रति जागरूक रहकर उक्त गतिविधियों से जाने अंजाने में बचने हेतु सुझाव भी व्यक्त किये गये एवं बताया कि कानून की अज्ञानता कोई बचाव नही है। तत्पश्चात् श्री खान द्वारा भारतीय संविधान में प्रावधानित मौलिक अधिकारों एवं कर्तव्यों पर प्रकाश डाला। साथ ही महिलाओं एवं बच्चों के संबंध में कानूनी अधिकारों से अवगत कराया, तत्पश्चात् वर्तमान में पाक्सो एक्ट एवं सायबर क्राईम के बारे में बताते हुए राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं म.प्र. राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर द्वारा संचालित योजनाओं से अवगत कराया। इसी अवसर पर विद्यार्थियों को मध्यस्थता संबंधी प्रक्रिया के लाभों के बारे में भी विसतार पूर्वक जानकारी प्रदान की गई।
                उपरोक्त आयोजित प्रतियोगिता में विद्यार्थियों के प्रदर्शन उपरांत जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव मो. रईस खान द्वारा विजेता निर्धारण हेतु प्रस्तुतिकरण का मूल्यांकन किया गया। जिसके अंतर्गत पक्ष में प्रथम विजेता कुमारी दीक्षा नागौरे, विपक्ष में प्रथम विजेता आफरीन खान व पक्ष में द्धितीय विजेता वर्षा झाला एवं विपक्ष में द्वितीय विजेता कुमकुम राजपुरोहित को चयनित कर प्रमाण-पत्र व शील्ड वितरित कर पुरूस्कृत किया गया।
                 इस अवसर पर जिला न्यायाधीश/सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, मंदसौर श्री मो. रईस खान, द्वितीय अपर जिला न्यायाधीश श्री संदीप शर्मा, ट्रस्ट के सचिव श्री दशरथसिंह झाला, ट्रसटी सेवा निवृत्त न्यायाधीश श्री रघुवीरसिंह चुण्डावत, डॉ. क्षीतिज पुराहित, महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. नरेन्द्र कुमार जैन, श्री कुनालसिंह शक्तावत, श्री अवधेश कुमार दीक्षित, महाविद्यालय का स्टॉफ, विद्यार्थीगण उपस्थित रहे। उपरोक्त कार्यक्रम का संचालन श्री सुनील बड़ोदिया ने किया एवं आभार डा. राजेश कौशिक ने माना।
                 इसी अनुक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के पैरालीगल वालेंटियर्स एवं पंचायत सचिवों की टीमों द्वारा ग्राम एरिया, बनी, उदल्याखेड़ी, पिपल्याराजा, कुरलासी, चंदवासा, कोटडा, सगोरिया, बडिया, रकोडा, जमुनिया, अक्याकुंवर, बोरखेड़ी, निम्बोद, माल्याखेरखेड़ा, भुन्याखेड़ी, अफजलपुर, ताजखेड़ी, टोलखेड़ी, थारोड व मंदसौर शहर के सराफा बाजार, गांधीनगर, लालघाटी, पुलिस कलोनी, टोड़ा इत्यादि स्थानों में जाकर आमजन को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं म.प्र. राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं व कानून के प्रति जागरूक करने के लिए विद्यालयों, ग्राम पंचायत भवन व ग्रामीणजनों के बीच जाकर डोर-टू-डोर अभियान एवं विधिक साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया। साथ ही आमजन की विभिन्न समस्याओं को भी सुनकर उक्त समस्याओं के निदान हेतु आवश्यक सलाह प्रदान की गई। डोर टू डोर अभियान एवं विधिक साक्षरता शिविरो में पेम्प्लेट्स इत्यादि वितरित किए गए।