एक हजार 95 करोड़ में तीन साल में पूरा होगा रतलाम-नीमच ट्रेक का दोहरीकरण

महावीर अग्रवाल
मंदसौर २९ सितम्बर ;अभी तक;  केंद्र सरकार ने रेलवे के क्षेत्र में संसदीय क्षेत्र को बड़ी सौगात दी है। सांसद सुधीर गुप्ता द्वारा लगातार किए जा रहे प्रयास रंग लाए और रतलाम-नीमच ट्रेक दोहरीकरण के लिए रेलवे ने 1 हजार 95 करोड़ रुपए की राशि मंजूरी की है। लंबे समय से इस ट्रेक के लिए राशि का इंतजार था। सर्वे के बाद से सांसद इस राशि की मंजूरी के लिए दिल्ली में प्रयास कर रहे थे। दोहरीकरण संसदीय क्षेत्र के लिए मिल का पत्थर साबित होगा।
132.90 किमी का दोहरीकरण होगा
                सांसद सुधीर गुप्ता ने बताया कि नीमच, मंदसौर, जावरा, रतलाम ट्रेक का दोहरीकरण करीब 132.92 किमी तक होगा। इसमें रेलवे को 1095.88 करोड़ रुपए खर्च होंगे। रेलवे ने यह राशि मंजूरी की है।  रतलाम से नीमच मार्ग के दोहरीकरण के लिए रेलवे द्वारा 1095.88 करोड़ रुपए मंजूर किए है। इसमें 134 किलोमीटर मार्ग का रेलवे द्वारा दोहरीकरण किया जाएगा। इस राशि के स्वीकृत होने से रेलवे द्वारा यह कार्य जल्द ही किया जाएगा। इससे क्षेत्र के विकास को नए आयाम स्थापित होंगे। लंबे समय से चली आ रही दोहरीकरण की मांग के लिए राशि मंजूरी करते हुए रेलवे ने अब मुहर लगाई है।
               इस मार्ग के दोहरीकरण से न सिर्फ  मंदसौर संसदीय क्षेत्र को बल्कि रेलवे को भी नया व्यापारिक मार्ग उपलब्ध हो सकेगा। इससे क्षेत्र में विकास संभव होगा। सांसद सुधीर गुप्ता अभी हाल ही में 25 सितंबर को रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मिले और उन्हें पत्र सौंपकर इस मार्ग के दोहरीकरण पर गंभीरता से चर्चा कर स्वीकृत करने का अनुरोध किया था। इसके बाद बुधवार को हुई रेल मंत्रालय की अहम बैठक में इस मार्ग के लिए 1095.88 करोड रुपए की सैद्धांतिक स्वीकृति प्रदान की गई। इस सौगात को लेकर सांसद गुप्ता ने कहा कि दोहरीकरण से क्षेत्र में व्यापारिक विकास की अपार संभावनाएं बढ़ेगी ।व्यापारिक दृष्टि से बनेगी नई संभावनाएं
 इससे यातायात के नए संसाधन के साथ ही एक नया बाजार उपलब्ध होने में सुगमता होगी। इससे क्षेत्र में व्यापार की और कृषि उत्पादों की अपार संभावनाएं बढ़ेगी। सांसद गुप्ता ने इस अवसर पर क्षेत्र की जनता को बधाई के साथ केंद्र की मोदी सरकार को धन्यवाद दिया और कहा कि 2014 से पहले मंदसौर संसदीय क्षेत्र ने कभी रेलवे के विकास के बारे में सोचा ही नहीं था परंतु आज पूरे भारत के पटल पर यह क्षेत्र एक नई इबादत लिखने जा रहा है। इससे इस क्षेत्र में विकास की अपार संभावनाएं बनेगी। मंदसौर संसदीय क्षेत्र पूरे देश में कृषि उत्पादों के लिए पहचाना जाता है, परंतु यातायात की संभावनाएं अधिक न होने से यहां के व्यापारियों और किसानों को अपने उत्पाद का उचित मूल्य नहीं मिल पाता था और अब कुछ ही समय के पश्चात किसान भाइयों ,मंडी व्यापारियों और अन्य व्यापारियों को मैं बाजार और अपनी उत्पादन का उचित मूल्य मिल सकेगा।