कमीशनखोरी के चलते दो पेयजल योजना का लाभ मिलने के बावजुद मंदसौरवासी प्यासे

मयंक भार्गव 
मंदसौर २५ जून ;अभी तक;  लंबे समय से मंदसौर जिले में भाजपा जनप्रतिनिधिगण गुलाब जामुन गटक-गटक, कडवा- कडवा धू-धू की तरह कार्य कर रहे है। जब भी मंदसौर जिले में विकास योजना आती है तब उस योजना का यश लेने से भाजपा जनप्रतिनिधिगण पीछे नही हटते है और तामझाम के साथ सम्मान भी स्वीकार करते है लेकिन विकास योजना की विफलता पर चुप्पी साध लेते है। मंदसौर नगर को काला भाटा बांध योजना में झुूठे आंकडे एवं वादे परोसकर मंदसौर नगरवासियो को गुमराह किया गया और अब भाजपा जनप्रतिनिधिगण एवं नपा प्रशासक मंदसौर कलेक्टर ने भी योजना का प्रारंभ से लेकर अंत तक श्रेय लेने के बाद इसकी कमियो को स्वीकार करने की बजाय चुप्पी साध ली है।
               जिला कांग्रेस प्रवक्ता श्री सुरेश भाटी ने कहा कि चंबल पेयजल योजना की कमियां पूर्व से भी दिखायी देने लगी थी किन्तु भाजपा जनप्रतिनिधिगण योजना में दिख रही खामियो को दूर करने की बजाय इसका जितना चाहे उतना प्रचार- प्रसार कर यश लेते रहे जबकी योजना में मंदसौर नगर के नागरिको को अतिरिक्त भुगतान का प्रावधान है जो तीन टुकडो पर बडाया जाना तय है। वर्तमान में ठेकेदार द्वारा पा अधिकारियो की निगरानी में योजना के लिये बनाये गये इंटेकवेल से लेकर डाली गयी पेयजल लाईन के टरबाईन पंपो का प्रेशर नही छेल पाने एवं बार- बार विघुत ग्रीड संबंधी दिक्कते आने के कारण योजना शुरू होने के साथ ही विफल होती दिख रही है जिसके कारण मंदसौर नगर को पेयजल संकट का सामना करना पड रहा है।
                श्री भाटी ने कहा कि पिछले माह मंदसौर नगर में चंबल का पानी आने का विडियो जारी कर भाजपा जनप्रतिनिधियो एवं कलेक्टर महोदय ने खुब वाह- वाही ली किन्तु पानी आने के साथ ही बार- बार लाईने लिंकेज होने एवं टरबाईन पंपो का प्रेशर नही छेल पाने संबंधी दिक्कते शुरू हुइ। मंदसौर जिला कांग्रेस अध्यक्ष श्री नवकृष्ण पाटील के नेतृत्व में रामघाट का निरिक्षण करते हुये चंबल के आ रहे पानी की स्थिति को देखने के साथ ही उपलब्ध पानी का मौका मुआयना कर जलसंकट की चेतावनी दी थी किन्तु उसके बावजुद चंबल पेयजल योजना की खामियो को दूर करने की ओर तीव्र गति से कार्य नही हुआ जिसका परिणाम यह है कि मंदसौर नगरवासियो को दो दिन छोडकर पानी मिलने लगा है।
               श्री भाटी ने कहा कि नपा द्वारा पुरे माह का पेयजल राशि लेने के बावजुद एक दिन छोडकर एक दिन और फिर अब दो दिन उपरांत पेयजल सप्लाय करना निश्चित रूप से आम नागरिको के साथ धोखा है। पूर्व में केन्द्र की मनमोहनसिंहजी की सरकार का रूपया कालाभाटा बांध गलत स्थल पर बनाकर ड ुबाया और अब चंबल पेयजल योजना में कमीशन का खेल भाजपा जनप्रतिनिधियो ने खेला है जिसका प्रतिफल वर्तमान में दिखायी दे रहा है।