कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य ने पदभार संभालते ही अपने इरादों को कर दिया स्पष्ट

8:14 pm or September 9, 2021
कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य ने पदभार संभालते ही अपने इरादों को कर दिया स्पष्ट
मोहम्मद सईद
शहडोल 9 सितंबर ; अभी तक ; किसी भी प्रशासनिक अधिकारी की कार्यशैली उसके पदभार ग्रहण करने के साथ ही परिलक्षित होने लगती है। शहडोल जिले की नवागत कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य ने गुरुवार को पदभार संभालने के साथ ही अपने इरादों को स्पष्ट कर दिया। गुरुवार दिन भर की कार्यशैली ने इस बात का साफ संकेत दे दिया कि नवागत कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य बेहतर कार्य और सार्थक परिणाम को पसंद करने वाली अधिकारी हैं। गुरुवार को पदभार ग्रहण करते ही उन्होंने अधिकारियों की बैठक ली। शांति समिति की बैठक ली। सहकारी बैंक का कार्यभार ग्रहण किया और गणेश चतुर्थी आदि त्यौहार को देखते हुए अधिकारियों की ड्यूटी भी लगा दी। कलेक्टर श्रीमती वैद्य के इस तेवर को देखकर आज उन अधिकारियों में बेचैनी देखी गई, जो अभी तक साहब की जी हुजूरी में अव्वल नजर आते थे।
कलेक्टर श्रीमती वैद्य ने अपनी प्राथमिकताओं के संबंध में बताया कि शासकीय योजनाओं को मैदानी स्तर पर क्रियान्वित करना, शत-प्रतिशत वैक्सीनेशन को पूर्ण कराना, कोविड-19 संक्रमण से निजात दिलाने हर स्तर पर प्रयास करना, जिले के वृद्धजन, दिव्यांगजन, बुजुर्गजन तथा 60 वर्ष से ऊपर के लोगों की सभी समस्याओं का प्राथमिकता से निदान करने के कार्यों को प्राथमिकता से लिया जाएगा। उनका  यह भी कहना है कि टीम भावना से कार्य करते हुए जिले की प्रमुख समस्याओं तथा प्राथमिकता वाली योजनाओं को लागू कर पूर्ण करने का भी प्रयास किया जाएगा।
गौरतलब है कि श्रीमती वैद्य प्रदेश की 2009 बैच की भारतीय प्रशासनिक सेवा की अधिकारी हैं। जिन्होंने प्रदेश के जबलपुर, सिवनी तथा इंदौर में विभिन्न पदों का दायित्व भली-भांति निर्वहन करते हुए वर्तमान में इंदौर के लोक सेवा आयोग की सचिव पद से स्थानांतरित होकर कलेक्टर शहडोल के पद का भार ग्रहण किया है।
प्रशासक का लिया प्रभार
नवागत कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य ने जिला केंद्रीय सहकारी बैंक के प्रशासक के पद का प्रभार ग्रहण किया तथा मुख्य कार्यपालन अधिकारी केंद्रीय सहकारी बैंक राजेश रायकवार से बैंक की गतिविधियों के संबंध में जानकारियां भी हासिल की।
अधिकारियों को सौंपा दायित्व
आगामी दिनों पढ़ने वाले गणेश चतुर्थी व अन्य त्यौहार के दौरान कानून व्यवस्था को देखते हुए कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य ने अधिकारियों की ड्यूटी लगाई है।
जारी आदेश में अनुविभागीय अधिकारी जैतपुर एवं जयसिंहनगर दिलीप कुमार पांडेय अपने अनुविभागीय क्षेत्र अंतर्गत दायित्वों का निर्वहन करेंगे। अनुविभागीय अधिकारी राजस्व सोहागपुर नरेंद्र सिंह धुर्वे, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व ब्यौहारी सुश्री प्रियांशी भंवर अपने अनुभाग क्षेत्र अंतर्गत अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगी। तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट सोहागपुर लवकुश प्रसाद शुक्ला, तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट बुढार श्रीमती मीनाक्षी बंजारे, नायब तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट गोहपारू बी.आर. नेताम, नायब तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट सोहागपुर के.एल. पनिका, तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट सोहागपुर अभयानंद शर्मा, तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट जयसिंहनगर  दीपक पटेल, तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट ब्यौहारी रविंद्र जैन, तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट ब्यौहारी अमित मिश्रा, तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट जैतपुर चंद्र कुमार बट्टे, नायब तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट जैतपुर के.एल टेकाम, तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट गोहपारू भारत सोनी, नायब तहसीलदार एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट सुश्री साक्षी गौतम, अपने तहसील क्षेत्र अंतर्गत अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे।
चल समारोह रहेगा प्रतिबंधित
नवागत कलेक्टर श्रीमती वंदना वैध की उपस्थिति में आज कलेक्टर कार्यालय के सोन सभागार में गणेश उत्सव के विषय में शांति समिति की बैठक संपन्न हुई। बैठक में शांति समिति के सदस्यों सहित जिला प्रशासन द्वारा निर्णय लिया गया कि राज्य शासन के द्वारा जारी 14 व 19 जुलाई को  दिशा-निर्देशों के परिपालन में जिले में गणेश उत्सव के अवसर पर निर्धारित 30×45 फिट का पंडाल एवं 4 फीट से ऊपर की मूर्तिया नहीं रखी जा सकेंगी तथा किसी भी प्रकार का चल समारोह प्रतिबंधित रहेगा। सायं 6 बजे के पहले सभी मूर्तियों का विसर्जन अनंत चतुर्थी के दिन आवश्यक होगा। प्रतिमा पूजा पंडालों में मास्क, सैनिटाइजर एवं समिति के दो दो सदस्य 24 घंटे पंडाल में उपस्थित रहेंगे तथा जनहितकारी संदेशों का प्रसारण भी करते रहेंगे।
कलेक्टर श्रीमती वंदना वैद्य ने कहा कि जिले के सभी मार्गों में साफ-सफाई एवं सौंदर्यीकरण कराना सुनिश्चित किया जाए तथा पंडालों के आसपास भी पर्याप्त स्वच्छता करने का इंतजाम किए जाएं। जिला मुख्यालय सहित अन्य सार्वजनिक स्थलों पर पानी का जमाव कतई न हो इसका विशेष रुप से ध्यान रखा जाए।