जिले में मात्र 3.22 फीसदी को लगी वैक्सीन की दोनों डोज

मयंक भार्गव

बैतूल ५ जून ;अभी तक;  पिछले दो महीने में कोरोना का भयावह रूप देख चुके जिले के नागरिकों में अभी भी वैक्सीन लगाने को लेकर पर्याप्त उत्साह नहीं है। जिले में वैक्सीनेशन शुरू होने को लगभग 5 महीने का समय बीत गया है लेकिन अभी तक जिले में मात्र 3.22 फीसदी लोगों को ही वैक्सीन की दोनों डोज लगी है। वहीं 15.52 प्रतिशत लोगों ने वैक्सीन की पहली डोज लगवा ली है। जिले में वैक्सीनेशन करवाने में बैतूल ब्लॉक सबसे  आगे है जहां एक चौथाई से अधिक नागरिकों ने पहली डोज लगवा ली है वहीं 7.94 फीसदी नागरिकों ने दोनों डोज लगवा ली है। वहीं भीमपुर ब्लॉक वैक्सीनेशन में सबसे फिसड्डी है जहां मात्र 6.59 फीसदी ग्रामीणों को पहला डोज और 0.68 फीसदी को ही दूसरा डोज लग पाया है। जिले में यदि वैक्सीनेशन की यही स्थिती रही तो अगले दो साल में भी वैक्सीनेशन पूरा नहीं होगा।

16 जनवरी से शुरू हुआ वैक्सीनेशन

जिले में कोविड वैक्सीनेशन 16 जनवरी से शुरू हुआ था। 16 जनवरी से हेल्थ वर्करों को वैक्सीन लगने शुरू हो गए थे। इसके बाद फ्रंटलाइन वर्करों को वैक्सीन लगाया गया था। आम नागरिकों में एक मार्च से 60 साल से अधिक उम्र के वृद्धजनों और 45 से 60 वर्ष के गंभीर बीमारी से ग्रसित नागरिकों का वैक्सीनेशन शुरू हुआ था। इसके बाद 45 साल के सभी नागरिकों का वैक्सीनेशन अपै्रल से और 18 साल से 44 साल तक के नागरिकों का वैक्सीनेशन 5 मई से शुरू हुआ है। 5 मई से 18 से 44 साल के लोगों का वैक्सीनेशन शुरू होने के बाद जिले में वैक्सीनेशन में तेजी आई है।

12.28 लाख लोगों को लगना है वैक्सीन

सरकार द्वारा अभी 18 साल से अधिक उम्र के नागरिकों का ही वैक्सीनेशन किया जा रहा है। जिले में 18 साल से अधिक उम्र के लोगों की संख्या दिसंबर 2021 तक 12 लाख 28 हजार 800 होने का अनुमान स्वास्थ्य विभाग ने लगाया है। जिले में 15 जनवरी की स्थिती में 11 लाख 74 हजार 753 है। जो 31 दिसंबर 2021 तक बढ़कर 12 लाख 28 हजार 800 होने का अनुमान है। स्वास्थ्य महकमा ने भी इसी हिसाब से तैयारी की है। वर्तमान में 1 मई 2021 के पूर्व 18 वर्ष की आयू पूर्ण करने वाले नागरिकों को वैक्सीन लगाया जा रहा है।

15.52 फीसदी ने लगाई पहली डोज

जिले में 3 जून शाम तक 12 लाख 28 हजार 800 में से 1 लाख 90 हजार 806 नागरिकों ने वैक्सीन की पहली डोज लगवाई। 3 जून तक जिले में 15.52 फीसदी लोगों को ही वैक्सीन का पहला डोज लगा था। जिसमें बैतूल ब्लॉक में सर्वाधिक 25.62 फीसदी 56 हजार 723 लोगों को वैक्सीन की पहली डोज लग चुकी है वहीं भीमपुर ब्लॉक में सबसे कम 6.59 फीसदी मात्र 7670 ग्रामीणों ने ही वैक्सीन की पहली डोज लगवाई है।
39 हजार को ही लगा है दोनों डोज
जिले में वैक्सीनेशन शुरू होने को लगभग 5 माह तक का समय हो गया है। लेकिन अभी तक मात्र 39 हजार 601 नागरिकों को ही वैक्सीन की दोनों डोज लगी है। सेकेण्ड डोज लगवाने में भी बैतूल ब्लॉक अव्वल और भीमपुर  ब्लॉक सबसे पीछे है। बैतूल में 3 जून शाम तक 7.94 फीसदी 17 हजार 585 नागरिकों ने वैक्सीन की दोनों डोज लगवा ली है। जबकि भीमपुर ब्लॉक में एक फीसदी लोगों को भी वैक्सीन की दोनों डोज नहीं लग पाई है। भीमपुर ब्लॉक में मात्र 800 लोगों (0.68 फीसदी) ने ही वैक्सीन की दोनों डोज लगवाई है।
कोविशील्ड में टाइम चैंज करने से आई कमी
जिले में वर्तमान में कोविड से बचाव के लिए कोविशील्ड और कोवैक्सीन लगाई जा रही है। सरकार द्वारा शुरूवात में दोनों वैक्सीन लगाने के बीच 4 से 6 सप्ताह की अवधि निर्धारित की थी। जिसमें कोवैक्सीन की समय अवधि तो पूर्व निर्धारित ही है लेकिन कोविशील्ड वैक्सीन में दोनों डोज के बीच अंतराल का समय लगातार बढ़ाया जा रहा है। शुरूवात में यह अंतराल 4 से 6 सप्ताह था। जिसे बढ़ाकर 6 से 8 सप्ताह कर दिया गया और अब यह अंतराल 12 से 14 सप्ताह के बीच कर दिया गया है। जिसके चलते कोविशील्ड की पहली डोज लगाने के बाद लोगों को 84 दिन का इंतजार करना पड़ रहा है। जिससे सेकेण्ड डोज के आंकड़े में बढ़ोत्तरी नहीं हो पा रही है।