तेज रफतार ट्ेन के कपंन से ढहा स्टेशन ब्लिडिग, अभियंता भुसारे किये गये निंलबित

मयंक शर्मा
खंडवा २९ मई ;अभी तक;  मध्य रेलवे मुंबई के चीफ इंजीनियर डीके मिश्रा ने  चांदनी (नेपानगर) स्टेशन का तकनीकी निरीक्षण किया। उन्होंने स्टेशन के
क्षतिग्रस्त होने के कारणों को समझा। उनके आने के एक दिन पहले ही रेलवे ने उस समय इस भवन का सुपरविजन करने वाले वरिष्ठ गुरूवार को भवन निर्माण दौरान के अभियंता (कार्य )प्रशांत भुसारी को निलंबित का दिया गया  है। भुसारी पिछले करीब 20 सालों से यहीं जमे हुए हैं।भवन 2007 में बना था।
                          शुक्रवार को मध्य रेल्वे मुंबई के चीफ इंजीनियर ेेडी के मिश्रा यहां निरीक्षण के लिये पहुंचे।वे महानगरी एक्सप्रेस से मुंबई से चांदनी पहुंच थें।उन्होने अधिकारियों से पूरी घटना की जानकारी ली।इसके बाद उन्होने जल्द स्टेशन का काम पूरा करने को कहा। करीब एक घंटे बाद वह यहां से वापस रवाना हुए। संभवतः वह अपनी रिपोर्ट जीएम मुंबई को सौंपेंगे। फिलहाल यहां से अधिकांश यात्री ट्रेनों को धीमी गति से निकाला जा रहा है।
चांदनी स्टेशन अस्थायी रूप से संचालित हो रहा था। इसे परिसर से अब पुराने कक्ष में शिफ्ट कर दिया गया है।
                        ज्ञातव्य है कि बुधवार रात 8 बजे करीब यहां से तेज रफ्तार से गुजरी पुष्पक एक्सप्रेस, के कंपन से स्टेशन बिल्डिग का  अगला हिस्सा  भरभराकर गिर गया था।यह बेहतर रहा कि कोई हताहत नहीं हुआ। स्टेशन भवन की दीवारों में कंपन होने लगा था। देखते हीदेखते स्टेशन भवन के सामने का हिस्सा ढह गया। कंपन इतना तेज था कि स्टेशन अधीक्षक (एएसएम) प्रदीप कुमार पवार कक्ष की खिड़कियों के कांच फूट गए। उन्होने बताया कि रेलवे स्टेशन का भवन का हिस्साट्रेन गुजरने से ढह गया। वे ट्रेन को हरी झंडी दिखाने वे अपने कक्ष से प्लेटफार्म पर आये थें कि भवन गिरता देख दूर हो गए। उन्होने बताया कि  घटना के दौरान पुष्पक एक्सप्रेस 1 घंटे तक खड़ी रही। इसके अलावा, अन्य गाड़ियां करीब 30 मिनट तक प्रभावित हुईं थी । घटना की सूचना मिलते ही भुसावल से एडीआरएम मनोज सिंहा, खंडवा एडीएन अजय सिंह, मोके पर पहुंचे थे।
                      नेपानगर से करीब पांच और खडवा से करीब 45 किलोमीटर दूर इटारसी भुसावल रेलख्ंाड का चांदनी रेलवे स्टेशन व्यस्त भरा रेल मार्ग है।े देश में अपने तरह का यह पहला मामला है जिसकी जांच चल रही है। खंडवा के रेल अधिकारी अजयसिंह ने बताया कि 2007 में स्टेशन भवन बना था। इसके बाद निरिक्षण के लिये रेल अधिकारियो का सतत आने जाने का सिलसिला जारी है।
                    भुसावल डीआरएम विवेक कुमार गुप्ता ने  बताया कि श्री भुसारे के निंलबन की पुष्टिी की है। उन्होने कहा कि स्टेशन  भवन केएक हिस्से का छज्जा टूटा है, जिसे रिपेयर कर लिया जाएगा। जांच के लिए टीम मौके पर पहुंची है।ज्यादा नुकसान नहीं है।