दोषियों के खिलाफ दर्ज की जाये एफआईआर, अस्पतालों में हुए अग्नि हादसें में बच्चों की मौत का मामला

सिद्धार्थ  पांडेय

जबलपुर १९ नवंबर ;अभी तक;  भोपाल के हमिदिया अस्पताल सहित प्रदेश के अन्य सरकारी अस्पतालों में बच्चों की मौत तथा उनके जख्मी होने के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर की गयी है। याचिका में मांग की गयी है कि अग्नि हादसे के लिए दोषी अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाये। याचिका पर अगले सप्ताह सुनवाई संभावित है।

नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच के डॉक्टर पी जी नाजपांडे की तरफ से दायर की गयी याचिका में कहा गया था कि 24 जून 2014 को सतना के सरकार अस्पताल में हुए अग्नि हादसें में दस बच्चे घायल हुए थे तथा 1 बच्चों की मौत हुई थी। जबलपुर स्थित मेडिकल कॉलेज में 23 अगस्त 2016 को हुए अग्नि हादसे में 7 बच्चे जख्मी हुए थे तथा 1 बच्चे की मौत हुई थी। भोपाल के हमिदिया अस्पताल में 8 नवम्बर 2016 के हुए अग्नि हासदे में 7 बच्चे जख्मी हुए थे तथा 10 बच्चो की मौत हुई है।

सतना के सरकारी अस्पताल में हुए अग्नि हासदे के खिलाफ उन्होने पूर्व में याचिका दायर की थी। याचिका की सुनवाई के दौरान सरकार की तरफ से पेश की गयी रिपोर्ट में कहा गया था कि आग रोकने की व्यवस्था अस्पताल में नहीं थी। सरकार द्वारा आश्वासन दिया गया था कि अस्पतालों में अग्नि हादसे रोकने आवश्यक कार्यवाही की जायेगी।
दायर याचिका में मांग की गयी थी कि सात गुजर जाने के  बावजूद भी अग्नि हादसे रोकने के लिए क्यो कार्यवाही नहीं की गयी,इसी उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए। इसके अलावा अग्नि हादसे के लिए दोषी अधिकारियों पर कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज होनी चाहिए। याचिकाकर्ता की तरफ से अधिवक्ता प्रभात यादव ने याचिका पेश की है।