दो प्रकरण में चोरी करने वाले आरोपियों को 2-2 साल की सजा

7:16 pm or October 28, 2022
महावीर अग्रवाल 

मंदसौर २८ अक्टूबर ;अभी तक;   माननीय न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, श्री राहुल सोलंकी साहब द्वारा आरोपीगण 01. आमीन खां पठान पिता आलम खां 36 साल नि0ग्रा0 भावगढ हा0मु0 ग्राम संजीत नाका नाहरगढ जिला मंदसौर 02. राजा शाह पिता रईस शाह उम्र 20 साल नि0गा्र0 आखिरीपुरा ताल नाका जावरा जिला रतलाम को दोषी पाते हुये 2-2 साल का सश्रम कारावास और 1-1 हजार रुपये के अर्थदण्ड से दंडित किया।
अभियोजन मीडिया सहायक शोएब खान द्वारा बताया गया मामला इस प्रकार है कि फरियादी किषोर ग्राम ताजखेडी ने थाने पर प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराई कि दोनों भाईयों के परिवार के सभी लोग दिन के करीब 1 बजे घरों का ताला लगाकर खेत पर चले गये थे तथा बापस दोपहर 2ः30 बजे घर पर आये तो उन्होंने देखा कि दोनों घरों का ताला टूटा हुआ था। घर के अंदर देखा तो घर में रखे सोने चांदी के जेवरात व नगदी रूपये नहीं मिले तथा उसके भाई दिनेष ने भी अपने घर पर देखा तो उसकी पत्नी के पायजेब, कान के टॉप्स, मंगलसूत्र, पैर के कडे, गले की चेन व नगदी रूपये नही मिले, कोई अज्ञात व्यक्ति दोनों भाईयों के घर जेवर व नगदी चुराकर ले गया जिसकी रिपोर्ट थाना भावगढ पर की थी।
इसी प्रकार फरियादी कचरूलाल ग्राम निम्बोद ने थाने पर प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसके परिवार वाले सभी खेत पर गये थे बापस आने पर देखा कि घर का ताला टूटा हुआ था व घर के अंदर कपडा व सामान बिखरा हुआ था पेटी के ताले टूटे हुए थे जिसमें नगदी एवं सोने चांदी के जेवरात गायब थे जिसे कोई अज्ञात व्यक्ति चुराकर ले गया जिसकी रिपोर्ट थाना भावगढ पर की थी।
उक्त रिपोर्ट पर से थाना भावगढ ने विवेचना प्रारंभ की बाद में सूचना मिली कि थाना अफजलपुर पुलिस द्वारा चोरी करने वाले गिरोह को पकडा गया और आरोपीगण से पूछताछ करने पर उनके द्वारा थाना भावगढ के ग्राम ताजखेडी व निम्बोद में स्थित घर के अंदर से नगदी एवं जेवरात की चोरी करना स्वीकार किया था जिस पर से उक्त प्रकरण संबंधित थाना भावगढ के क्षेत्राधिकार में आने से अग्रिम कार्यवाही हेतु स्थानांतरण किया गया। बाद थाना भावगढ पुलिस द्वारा अनुसंधान की कार्यवाही पूर्ण कर अभियोग-पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।
विचारण के दौरान उक्त प्रकरण में न्यायालय के समक्ष अभियोजन द्वारा रखे गये तथ्यो व तर्को से सहमत होकर माननीय न्यायालय द्वारा आरोपीगण को दोषसिद्ध किया।
प्रकरण में अभियोजन का सफल संचालन सहायक जिला अभियोजन अधिकारी श्री बलराम सोलंकी द्वारा किया गया।