दो मुन्ना भाई को सजा –दूसरे के स्थान पर पीएमटी परीक्षा देने वाले आरोपी को 02 वर्ष का सश्रम करवास 

सौरभ तिवारी
होशंगाबाद २४ दिसंबर ;अभी तक;   न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी विजय कुमार पाठक होशंगाबाद ने दूसरे के स्थान पर पीएमटी की परीक्षा देने वाले दो मामलों के आरोपियों को दोषसिद्ध होने के पश्चात् क्रमशः 2 वर्ष और 3 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा से दंडित किया है।
                      मीडिया प्रभारी डीपीओ कार्यालय  दिनेश कुमार यादव ने बताया कि न्यायालय द्वारा आरोपी चंचल कुमार पिता राम सुरेश राजपूत, उम्र-40 वर्ष को धारा 419 में 02 वर्ष तथा मप्र मान्यता प्राप्त परीक्षा अधिनियम की धारा 4 में 02 वर्ष के सश्रम कारावास व 2000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया। वहीं आरोपी सुनील उर्फ सुधीष पिता जगन्नाथ राय, उम्र-45 वर्ष को धारा 419 में 02 वर्ष, 468 में 03 वर्ष तथा मप्र मान्यता प्राप्त परीक्षा अधिनियम की धारा 4 में 03 वर्ष के सश्रम कारावास व 2000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया।  दोनों ही मामलों में शासन की ओर से सशक्त पैरवी  जिला  अभियोजन अधिकारी होशंगाबाद आरके खांडेगर द्वारा की गई।
                     श्री खांडेगर ने बताया प्रथम मामला व्यापमं द्वारा वर्ष 2004 की पीएमटी परीक्षा दिनांक 10.06.2004  को लगभग 8 बजे से 10ः25 बजे के बीच होम सांईस काॅलेज होशंगाबाद पर आयोजित होने वाली पीएमटी वर्ष 2004 परीक्षा में परीक्षार्थी समीर शाक्य के स्थान पर आरोपी चंचल कुमार परीक्षा दे रहा था। परीक्षा में शामिल होकर उसकी उत्तर पुस्तिका, उपस्थिति पत्रक पर समीर शाक्य के नकली हस्ताक्षर किये तथा  परीक्षा में अनुचित रूप से  शामिल होकर षडयंत्र किया, परीक्षा के दौरान कक्ष परीविक्षक श्रीमती शशि चौधरी एवं श्रीमती संजू सिंह ने संदेह होने पर पकड़ा जिसकी सूचना होम साइंस कॉलेज प्राचार्य श्रीमती छाया शर्मा को दिया । श्रीमती छाया शर्मा द्वारा घटना की लिखित रिपोर्ट पुलिस थाना-कोतवाली में की । पुलिस द्वारा रिपोर्ट दर्ज कर प्रकरण को विवेचना में लिया गया और सम्पूर्ण विवेचना उपरांत न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया।
                      वहीं  जिला अभियोजन अधिकारी होशंगाबाद आरके खांडेकर ने बताया कि दूसरा मामला व्यापमं द्वारा वर्ष 2004 की पीएमटी परीक्षा दिनांक 11.06.2004  को लगभग 8 बजे से 10ः15 बजे के बीच होम सांईस काॅलेज होशंगाबाद पर आयोजित होने वाली पीएमटी वर्ष 2004 परीक्षा में परीक्षार्थी अविनाष सिंह के स्थान पर आरोपी सुनील कुमार परीक्षा दे रहा था और आयोजित परीक्षा में आरोपी सुनील ने पर्यवेक्षक श्रीमती अलका वर्मा एवं अजय पात्रेकर को प्रतिरूपण द्वारा अविनाष सिंह पिता पतिलाल निवासी 108 न्यू काॅलोनी ग्वालियर बनकर छल किया। परीक्षा में शामिल होकर उसकी उत्तर पुस्तिका, उपस्थिति पत्रक, प्रवेष पत्र, जो कि मूल्यवान प्रतिभूति है, में अविनाष सिंह के नकली हस्ताक्षर किये तथा उक्त परीक्षा में अनुचित साधनों का प्रयोग करने का षडयंत्र किया, जिसकी  रिपोर्ट पुलिस थाना होशंगाबाद में की गयी। पुलिस द्वारा रिपोर्ट दर्ज कर प्रकरण को विवेचना में लिया गया और सम्पूर्ण विवेचना उपरांत न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया। मामले का विचार न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी विजय पाठक द्वारा किया गया प्रकरण में मार्गदर्शन उपसंचालक अभियोजन श्री गोविंद शाह का रहा है शासन की ओर से  सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी श्रीमती अरूणा कापसे, जिला-होशंगाबाद द्वारा सशक्त पैरवी की गई।