धोखाधड़ी करने वाले दम्पत्ति को एक-एक वर्ष की कठोर सजा

मयंक भार्गव

बैतूल २५ दिसंबर ;अभी तक;  इंसान के मन में जब तक लालच रूपी से दैत्य रहता है तब तक वह ना सिर्फ जगह-जगह पर ठगी का शिकार बनता है बल्कि वह अपनी मेहनत की कमाई भी लालच में डूबा देता है। ऐसे ही लालच देकर लोगों से धोखाधड़ी करने वाले एक दम्पत्ति को न्यायालय ने 1-1 वर्ष के कठोर कारावास की सजा से दंडित किया है। साथ ही 500-500 रुपए का जुर्माना भी किया है।

सजा साथ किया जुर्माना

मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट बैतूल के न्यायालय ने ग्रामीण महिलाओं को लोन दिलाने का लालच देकर उनके साथ धोखाधड़ी कर छल करने वाले आरोपी अश्वनी कौरी पिता इन्द्रपाल कौरी (28) एवं उसकी पत्नी आरोपी सोनू उर्फ सोनम कौरी पति अश्वनी कौरी (24) निवासी गणेश नगर कॉलोनी इटारसी जिला होशंगाबाद को धारा 419, 420 भादवि के अपराध का दोषी पाते हुए 1-1 वर्ष के कठोर कारावास एवं 500-500 रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया है। प्रकरण में शासन की ओर से सहायक जिला अभियोजन अधिकारी अमित कुमार एवं सौरभ सिंह ठाकुर के द्वारा पैरवी की गई।

लोन देने के बहाने की थी धोखाधड़ी

जनवरी-फरवरी 2013 में आरोपी सोनू उर्फ सोनम एवं उसका पति आरोपी अश्वनी कौरी ने ग्राम भौरा, पोलापत्थर, चिरमाटेकरी, सालीमेट, बानाबेहड़ा एवं मूढा में जाकर ग्रामीण महिलाओं से छल करने के आशय से यह कहा कि वे महिला जाग्रति स्वसहायता समूह से आए हैं और उनकी संस्था लोन देती है। इसमें प्रत्येक महिला को 520 रुपये बैंक में खाता खोलने हेतु देना पड़ता है। बदले में संस्था द्वारा प्रत्येक महिला को 20,000 रुपये का लोन दिया जाएगा। इनके झांसे में आकर गांव की लगभग 120 महिलाओं ने आरोपियों को 520-520 रुपये दे दिये परन्तु आरोपियों ने ग्रामीण महिलाओं को कोई रसीद नहीं दी।
लोन मिला और ना ही अमानत राशि
आरोपियों ने महिलाओं को लोन भी नहीं दिया। बार-बार महिलाओं के बोलने के बाद भी आरोपियों के द्वारा महिलाओं के द्वारा जमा किये गये रुपये वापस नहीं किये न ही महिलाओं को लोन प्रदान किया। ग्रामीण महिलाओं ने उनके खिलाफ पुलिस थाना शाहपुर में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करवाई। आवश्यक अनुसंधान के उपरांत अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया, जहां अभियोजन ने अपना मामला संदेह से परे प्रमाणित किया जिसके आधार पर अभियोजन द्वारा प्रमाणित किया गया।