नगर निगम से बाहर होना चाहिए गौषााला, एनजीटी ने नोटिस जारी कर मांगा जवाब

सिद्धार्थ पाण्डेय

जबलपुर ८ सेप्येम्बेर ;अभी तक;  नगर निगम क्षेत्र से बाहर गौषाला स्थापित किये जाने की मांग करते हुए नेषनल ग्रीन टिव्यूनल में दायर की गयी थी। एनजीटी दिल्ली के न्यायिक सदस्य जस्टिस एस के सिंह तथा एक्सपर्ट मेंम्बर सत्यवाल सिंह गरवायल की युगलपीठ ने याचिका की सुनवाई करते हुए अनावेदकों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

नगरिक उपभोक्ता मार्गदर्षक मंच के डाॅ पी जी नाजपांडे तथा रजत भार्गव की तरफ से दायर की गयी याचिका में कहा गया था कि केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड जारी गाईड लाईन के अनुसार डेयरी फार्म एव गौषाला ष्षहर व गांव की सीमा से बाहर होना चाहिए। आवासीय मकानों से दो सौ मीटर तथा अस्पताल व स्कूल से पांच सौ मीटर होना चाहिए। राष्टीय मार्ग से दौ सौ मीटर तथा राज्य मार्ग से सौ मीटर दूर होना चाहिए।नदी व झील से पांच सौ मीटर दूर होना चाहिए। जिसका परिपालन नहीं हो रहा है।

याचिका में कहा गया था कि नगर निगम जबलपुर वार्ड क्रमांक 79 स्थित ग्राम उमरिया में गौषाला का निर्माण कर रहा है। केन्द्रीय प्रदूषण बोर्ड ने नगर निगम आयुक्त को नोटिस जारी कर निर्माण कार्य बंद करने के निर्देष दिये थे। इसके बावजूद भी गौषाला का निर्माण कार्य जारी है। याचिका की सुनवाई करते हुए युगलपीठ ने प्रदेष सरकार के मुख्य सचिव,जिला प्रषासन जबलपुर,रजिस्टार नेषनल लाॅ यूनिवर्सिटी,मेजेजिंग डायरेक्टर सडक निगम भोपाल ,नगर निगम तथा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

Related Articles

Post your comments

Your email address will not be published. Required fields are marked *