पुलिस अभिरक्षा में  वाहन चोर की मौतः ज्यूडिशियल जांच होगी, एसपी ने टीआइ को किया लाइ्रन हाजिर

6:45 pm or June 24, 2022
मयंक शर्मा
खंडवा २४ जून ;अभी तक;  बुधवार को यहां बाइक चोरी के मामले में गिरफ्तार किए गए 60 वर्षीय आरोपी भगवान की पुलिस अभिरक्ष में मौत हो गयी।मृतका  की पत्नि उषा पंवार ेने  पुलिस को पर लापरवाही का आरोप लगाया है।जिसके चलते उनके पति की मेौत हुई है। मामले में पुलिस अधीक्षके विवेक सिंह ने संबंधित  कोतवाली टीआइ बलजीत सिंह बिसेन लाइन हाजिर किये गये है।एसपर ने  मामले में ज्यूडिशियल जांच को अनुरोध किया है।
                    एसपी विवेकसिह ने बताया कि  कोतवाली पुलिस ने बाइक चोरी के मामले में 66 वर्षीय भगवान सिंह पिता  रामसिंग निवासी इनपुन (जिला खंडवा) की बुधवार सुबह तबीयत बिगडने पर व थाने में उल्टी होने को लेकर  पुलिसकर्मी जिला
अस्पताल पहुंचे। यहां डाक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
                    घटना की जानकारी लगते ही एसपी कोतवाली थाने पहुंचे। अन्य अधिकारी पुलिस कंट्रोल रूम पहुंचे। इधर मरचुरी रूम में पुलिस का जमावड़ा रहा। उधर विरोध को देखते हुए मरचुरी रूम में रख्े शव के कारण  सुरक्षा व्यवस्था कडी कर
दी।
                 सीएसपी ने बताया कि मृतक के परिजनो के आने के बाद  शाम  छह बजे बाद न्यायिक मजिस्ट्रेट की उपस्थिति में शव को पोस्टमार्टम किया गया। इस दौरान यहां अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अलावा, नगर पुलिस अधीक्षक यादव सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
                  मरचुरी रूम के सामने  मृतक भगवान सिंह की पत्नी उषा पंवार, बहू शिखा पंवार, बेटा दीपक पंवार और परिवार के अन्य लोग रिश्तेदारों ने हंगामा किया।  पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। पत्नी उषा ने कहा कि वे  ग्राम इनुपन के निवासी हैं लेकिन पिछले कुछ समय से बड़वाह में किराए का मकान लेकर रह रहे थे।
उ                    सने बताया कि  पति से मंगलवार को शाम पांच बजे कोर्ट परिसर  में उनकी
बात हुई थी। तब पति की तबीयत बहुत खराब थी। पुलिसकर्मियों को कहा भी कि
उन्हें अस्पताल ले जाएं लेकिन वे नहीं ले गए। इसके बाद अगे दिन बुधवार को
सुबह करीब 11ः30 बजे कोतवलाी थाने से फोन आया कि जिला अस्पताल आ जाओ पति
की तबीयत खराब हो गई है। यहां आकर देखा तो उनकी मौत हो गई थी।
मृतक भगवान सिंह की बहू शिखा पंवार ने बताया कि मेरे ससुर 17 जून से
लापता थे। एक दिन बाद पता चला कि उन्हें मूंदी पुलिस ने गिरफ्तार किया।
यहां से कोतवाली भेज दिया गया। शाम में कोतवाली आए थे। यहां से मोघट थाने
भेजा गया। उन्होंने कहा कि हमें नहीं पता। अगले पूरा दिन तलाश किया लेकिन
कहीं पता नहीं चला।
पत्नि उषा ने बताया कि  मंगलवार को उनके पति कों पदमनगर पुलिस ने कोर्ट
में पेश किया था। यहां उन्हें बहुत पसीना आ रहा था। उनकी तबीयत ठीक नहीं
थी। पेट में दर्द था। हमने पुलिस को कहा कि उन्हें अस्पताल ले जाओ। भगवान
ने भी कहा कि दर्द बर्दाश्त नहीं हो रहा था लेकिन पुलिस द्वारा  उन्हें
अस्पताल नहीं ले जाया गया। कोतवाली के भी दो पुलिसकर्मी थे। दवाई के लिए
कहा तो उन्हें फटकार दिया था।
स्थाानीय पदमनगर पुलिस ने अपने क्षेत्र में हुई बाइक चोरी के मामले में
भगवान सिंह से दो दिन तक पूछताछ करने के बाद मंगलवार को भगवान सिंह को
कोर्ट पेश किया था। यहां से कोतवाली पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था। इसके
बाद उसे कोतवाली थाने लाया गया। बताया जाता है कि स्पेशल स्क्वाड द्वारा
आरोपी भगवान  से पूछताछ कर रही थी।
0 ये बोले
एसपी विवेकसिंह ने कहा कि मामले की ज्यूडिश्यिल जांच का उन्होने अनुरोध
किया हैे।कोर्ट की तरफ से मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया है। इस मामले में
पृथम दृष्टया लापरवाही पाए जाने पर कोतवाली टीआइ बलजीत सिंह बिसेन को
निलंबित करते हुए लाइन अटैच किया गया है। मामले की जांच की जा रही है।
0 ये भी है तथ्य।
0 पुलिस ने 17 जून कोभगवासिंह को े पकड़ लिया था। पूछताछ के बाद 21 जून को
अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया। 22 जून की सुबह अचानक हालत बिगड़ी,
उल्टियां हुई और भगवान सिंह ने दम तोड़ दिया।
0 मृतक की पत्नी ऊषा पवार का कहना है कि भगवान सिंह वाहन चलाते थे। 17
जून की सुबह से उनकी कोई खबर नहीं थी। खंडवा से ही पुलिस ने पकड़ लिया था।
18 जून को पता चला मूंदी थाना में हैं, वहां गए तो मिले नहीं। फिर पदमनगर
थाना गए तो वहां भी नहीं थे। यहां पुलिस ने जानते हुए भी नहीं बताया कि
कहां हैं। इसके बाद 21 जून को थाना कोतवाली से खबर मिली कि कोर्ट में पेश
कर रहे हैं।
ऊषा, ने कहा कि  कोर्ट पहुंचे तो पति से बात हुई। उहोनेकहा कि  उनके  चार
बेटे हैं। अजय, विजय, संजय और दीपक। दीपक की पत्नी शिखा सिंह सास के साथ
अस्पताल पहुंची थी। शिखा का आरोप है कि अगर पुलिस इलाज करा देती तो ससुर
की जान बच जाती। पुलिस ने दवाई तक नहीं देने दी। आरोप है कि लापरवाही
पुलिस ने की इसलिए मौत हो गई।

Post your comments

Your email address will not be published. Required fields are marked *