प्रधानमंत्री नहीं परिवार के सदस्य के तौर पर कर रहा हूं बात- पीएम नरेंद्र मोदी

9:35 pm or May 30, 2022

आशुतोष पुरोहित

खरगोन 30 मई ;अभी तक;  प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को कोरोना काल में अनाथ हुए बच्चों से प्यार और दूलार की बातें पीएम केयर फंड के लिए आयोजित कार्यक्रम में वर्चूअली जुड़कर की। उन्होंने बच्चों से बात करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने कहा कि आज मैं प्रधानमंत्री के तौर पर नहीं बल्कि परिवार से सदस्य के रूप में बात कर रहा हूं। ऐसी परिस्थिति की हमने कल्पना भी नहीं की थी, अचानक अंधेरा छा जाता है, कोरोना ने अनेकों के जीवन में ऐसा ही किया हैं। कोरोना के कारण जिन्होंने अपनों को खोया है उनके लिए यह बदलाव कठिन हैं। आज जो बच्चे हमारे साथ हैं, उनकी तकलीफ शब्दों में कहना मुश्किल हैं। जो चला जाता हैं उसकी चंद यादें होती हैं, लेकिन जो रह जाता है उसके सामने चुनौती का अम्बार होता हैं। बच्चों की मुश्किल कम करने का छोटा सा प्रयास हैं पीएम केयर्स फार चिल्ड्रन। बच्चों से कहा आपके माता-पिता से मिलने वाले स्नेह को तो पूरा नहीं किया जा सकता, लेकिन पीएम केयर फंड से आपकी शिक्षा और रोजगार के लिए मदद का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बच्चों को सीख देते हुए कहा कि देश सहित समूचे विश्व में जो महान लोग हुए है उन्होंने भी किसी न किसी तरह की चुनौतियों, संघर्षों का सामना किया है। आपके अच्छे बुरे का भेद परिजन और शिक्षक जानते है उनकी बातें मानें। अच्छी पुस्तकें पढ़े, इससे मनोरंजन के साथ जो मार्गदर्शन मिलेगा वह भविष्य की चुनौतियां आसान करेगा। पीएम ने बच्चों ने फीट इंडिया, खेलो इंडिया के साथ योग जैसे स्वास्थ्यवर्धक कार्यक्रमों से जुडने की अपील भी की। प्रधानमंत्री ने योजना के तहत राशि बच्चों के खाते में जमा की। आरंभ में केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने योजना से जुड़ी छोटी फिल्म के माध्यम से योजना की जानकारी दी।

कोरोना काल में अपने माता-पिता को खो चुके बच्चों की शिक्षा के साथ ही उनके पालन-पोषण के लिए पीएम केयर चिल्ड्रन फंड से केंद्र सरकार मदद कर रही है। जिले में करीब 8 बच्चे है जो अपने माता-पिता को खो चुके है, यह बच्चे अब या तो अपने दादा- दादी या अन्य रिश्तेदारों के साथ रहकर जीवन यापन कर रहे है। इन बच्चों से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को वीडियो कान्फ्रेसिंग के जरिये संवाद किया। कलेक्टर कार्यालय के वीसी रूम में आयोजित कार्यक्रम के दौरान पीएम करीब 10 बजकर 45 मिनट पर लाईव जुड़े।

कलेक्टर श्री कुमार पुरुषोत्तम ने बताया कि जिले में ऐसे 8 बच्चे हैं, जिन्हें योजना का लाभ दिया जाएगा। यह सभी बच्चे 18 वर्ष से कम उम्र के हैं। इन्हें शिक्षा के लिए स्कूलों में फीस, किताबें, ड्रेस आदि में मदद के साथ ही 23 वर्ष की उम्र में 10 लाख रुपए की आर्थिक मदद भी मिलेगी। आयुष्मान कार्ड भी बनवाए गए है।

अभिभावकों ने माना आभार

कार्यक्रम के दौरान गोगावां निवासी पार्वती सत्य भावुक हो गई, उन्होंने कहा कोविड में बेटे अमित और बहु संगीता की युवा अवस्था में मौत के बाद उनके तीन बच्चे दो बेटियां और एक चार साल का बेटा। इनके पालन-पोषण की जिम्मेदार बुढ़े कंधों पर आने से हमेशा चिंतित थे, लेकिन पीएम केयर फंड से मिली सहायता से उन्हें राहत महसूस हुई है। उन्होंने कहा इससे बच्चों के पालन-पोषण में तो मदद मिल ही रही है, उनके नहीं रहने के बाद भी बच्चों का भविष्य सुरक्षित महसूस कर रही है, उन्होंने पीएम का आभार जताया।