प्राणघातक चोंट पहुचाने वाले आरोपीगण को 3 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 1000  रू अर्थदण्ड की सजा

सुनील वर्मा
शाजापुर  २७ दिसंबर ;अभी तक;  न्यायालय श्रीमान द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश महोदय शुजालपुर के द्वारा आरोपीगण 1. इमत्‍याज खां पिता वशीर खां उम्र  25 वर्ष, 2. मुवीन खां पिता युसूफ खां उम्र 28 वर्ष, 3. रमजानी पिता सलीम खां उम्र 28 वर्ष, 4. अमजद पिता सलीम खां उम्र 25 वर्ष, 5.सुलेमान पिता सईद खां उम्र 35 वर्ष, 6.इकबाल खां पिता शरीफ खां उम्र 30 वर्ष, 7. इमरान खां पिता वशीर खां उम्र 19 वर्ष, 8. बब्बू खां पिता आमीन खां उम्र 25 वर्ष निवासीगण ग्राम डाबरी शुजालपुर जिला शाजापुर म.प्र. के  सभी आरोपीगण को धारा 326/149 में 3 वर्ष का सश्रम कारावास व 1000 रू अर्थदण्ड  धारा 324/149 में 1 -1 वर्ष का सश्रम कारावास व 500-500  रू अर्थदण्ड  धारा 148 भादवि में 1 वर्ष सश्रम कारावास व 500 रू अर्थदण्ड धारा 323/149 भादवि में 6 माह सश्रम कारावास व 500 रू अर्थदण्ड, से  दण्डित किया गया।
                     सहा. जिला मीडिया प्रभारी श्री संजय मोरे अति. डीपीओ शुजालपुर ने बताया कि, दिनांक 15.10.2013 को  शाम 5:30 बजे फरियादी शरीफ खां के बोंए हुए खेत में से आरोपी अमजद खां ने ट्रेक्टर निकाल लिया था तब फरियादी शरीफ खां, भूरे खां, कामिल खां तीनों कमरूद्दीन के घर के सामने यह बात कहने के लिए गए तब आरोपी मुवीन खां, इमत्‍याज खां, रमजानी, अमजद खां, सुलेमान खां, इकबाल खां, शरीफ खां (मृतक), बाबू खां, इमरान ने लाठी, फर्सी, तलवार जैसे घातक हथियारों से लेस होकर एकमत होकर जान से मारने की गरज से उनके ऊपर प्राणघातक वार किये। इम्‍त्‍याज खां व मुवीन खां के हाथ में तलवार, शरीफ के हाथ में फर्सी और बाकी आरोपीगण के हाथ में लकडी-डंडे थे। इन आरोपीगण ने शरीफ खां, कामिल खां, भूरे खां के साथ प्राणघातक हमला कर मारपीट की। जिससे इन लोगों को चोंटें आई, बीच- बचाव करने मुमताज बी आई तो आरोपी रमजानी  ने उसे तलवार मारी जिससे उसे चोंट आईं । आरोपीगण जाते- जाते बोले कि आज तो बच गए आईंदा हमसे उलझोगो तो जान से खत्म कर देगें। घटना की रिपोर्ट फरियादी ने थाना शुजालपुर की चौकी शुजालपुर मण्डी पर की थी बाद अनुसंधान आरोपीगण के विरूद्ध चालान सक्षम न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। माननीय न्यायालय द्वारा प्रकरण में संपूर्ण विचारण उपरांत अभियोजन साक्षीगण की साक्ष्य के आधार पर तथा अभियोजन अधिकारी के तर्को से सहमत होते हुए आरोपीगण को दोषसिद्ध किया गया।
                 उक्त प्रकरण में अभियोजन की ओर से माननीय उपसंचालक ‘’अभियोजन’’ महोदय शाजापुर सुश्री प्रेमलता सोलंकी जी के मार्गदर्शन में पैरवी श्री संजय मोरे अति.जिला लोक अभियोजन अधिकारी शुजालपुर द्वारा की गई।