प्रिंसिपल सीट हटाने को चुनौती देने वाले मामले में सुनवाई बढ़ी

सिद्धार्थ पांडेय

जबलपुर १५ नवंबर ;अभी तक;  मप्र हाईकोर्ट की जबलपुर बेंच से प्रिंसिपल सीट हटाने के नोटिफिकेशन को चुनौती देने वाले मामले में सोमवार को सुनवाई बढ़ गई। चीफ जस्टिस आरव्ही मलिमथ व जस्टिस विजय कुमार शुक्ला की युगलपीठ के समक्ष आवेदक की ओर से पूर्व में दिया गया लीगल नोटिस वापस लेने समय का आग्रह किया गया। जिस पर युगलपीठ ने मामले की सुनवाई एक सप्ताह के लिये मुलतवीं कर दी।

यह याचिका नागरिक उपभोक्ता मार्ग दर्शक मंच के अध्यक्ष डॉ. पीजी नाजपांडे व रजत भार्गव की ओर से उक्त याचिका दायर की गई है। जिसमें कहा गया है कि भारत के राष्ट्रपति ने 27 अक्टूबर 1956 को आदेश जारी कर जबलपुर में मप्र हाईकोर्ट को प्रिंसिपल सीट घोषित किया था। अत: हाईकोर्ट को राष्ट्रपति के आदेश को रद्द करने का अधिकार नहीं है। इसके बावजूद भी हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल ने हाईकोर्ट नियम 2008 में किये गये संशोधनों का हवाला देकर 8 अक्टूबर 2021 को मप्र राजपत्र में नोटिफिकेशन जारी कर दिया कि जबलपुर के आगे प्रिंसिपल सीट शब्द विलोपित कर दिया गया है। आवेदकों का कहना है कि उक्त नोटिफिकेशन अवैधानिक व अल्ट्रा वायरस है, जो कि भारत के संविधान के खिलाफ है। मामले में प्रार्थना की गई है कि उक्त नोटिफिकेशन को रद्द किया जाये।