बंदूक चोरी मामले में दो आरक्षक सस्पेंड, लेकिन चोरी पर कोई केस दर्ज नहीं किया पुलिस ने

देवेश शर्मा
मुरैना 26 जून ;अभी तक; जिले के दिमनी थाने की मिरघान पुलिस चौकी से हुई दो बंदूकों और कारतूसों की चोरी के मामले में एसपी ललित शाक्यवार ने गुरुवार की दोपहर चौकी पर तैनात नीरज गुर्जर व विक्रम परमार  आरक्षक  को सस्पेंड कर दिया है। हैरानी की बात यह है कि हर शिकायत पर तत्काल एफआइआर का दावा करने वाली मुरैना पुलिस ने खुद के घर में हुई चोरी पर 40 घंटे बाद भी कोई मामला दर्ज नहीं किया है।
              गौरतलब है कि दिमनी थाना क्षेत्र की मिरघान पुलिस चौकी से मंगलवार-बुधवार की रात अज्ञात चोरों ने मालखाने व बक्से के ताले तोड़कर दो रायफल व 150 कारतूस चुरा लिए थे। चौकी में हुई चोरी की सूचना किसी और ने नहीं, बल्कि चौकी में पदस्थ आरक्षक नीरज गुर्जर ने गुरुवार तड़के 4 बजे दिमनी टीआइ शिवकुमार शर्मा को दी। उसके बाद टीआइ ने एसपी को चौकी में चोरी की खबर दी थी। एसपी पहुंचे उससे पहले की मालखाने से चोरी गई बंदूकें आरक्षक नीरज गुर्जर के कमरे में रखी मिलीं। इसके बाद देर रात तक पुलिस ने दावा किया कि चोरी गए 150 कारतूस भी चौकी के आसपास ही बिखरे मिले हैं। गुरुवार दोपहर को एसपी ने इस मामले में वरिष्ठ अफसरों की बैठक बुलाई। इस बैठक में चौकी से हुई चोरी पर मंथन हुआ और बैठक के बाद चौकी पर तैनात आरक्षक नीरज गुर्जर व विक्रम परमार को सस्पेंड कर दिया गया है। यह दोनों आरक्षक ही मिरघान चौकी पर तैनात थे।चौकी इंचार्ज एएसआई नाथूराम अवकाश पर थे।
            बुधवार तड़के मिरघान चौकी से चोरी की सूचना के बाद एसपी, एएसपी के साथ अंबाह, दिमनी, सिहोनियां, बानमोर, सिविल लाइन और माताबसैया थाने की पुलिस टीमें पहुंच गई। यह टीमें हर दिशा में जांच-पड़ताल के लिए भागीं। इसी दौरान पुलिस अफसरों ने मिरघान गांव के कुछ ग्रामीणों से चर्चा कर चौकी व यहां तैनात आरक्षकों का फीडबैक लिया। इस दौरान दो ग्रामीणों ने बताया कि पुलिस चौकी पर बिसेंटा गांव का एक बदमाश चौकी पर शराब पार्टी करने आता था। जिस रात चोरी हुई, उस रात भी यह बदमाश चौकी में आया था। पुलिस का एफआइआर न करना इस बदमाश को चौकी से हथियार चोरी के अपराध से बचाने वाला साबित होगा।
            इस मामले में पुलिस अधीक्षक ललित शाक्यवार ने बताया कि  दोनों आरक्षक सस्पेंड कर दिए गए हैं। दिमनी थाने के प्रभारी निरीक्षक शिवकुमार व चौकी इंचार्ज एएसआई को शोकाज नोटिस दिया है।जो रायफल व कारतूस गायब हुए वह भी मिल गए हैं।उन्होंने स्वीकार किया कि मालखाने व बक्से के ताले टूटे हैं, यह अपराध है। इस मामले में सीएसपी जांच कर रहे हैं, जांच रिपोर्ट आते ही इसमें एफआइआर भी दर्ज कर लेंगे।