बाई जू महरानी जी मंदिर मे श्रद्धालुओं को वितरित किया गया शरबत का प्रसाद

9:39 pm or May 9, 2022

पन्ना संवाददाता

पन्ना ९ मई ;अभी तक; पन्ना में एक ऐसा मंदिर भी है जहां वर्ष में एक बार श्रद्धालुओं को प्रसाद के रूप में स्वादिष्ट शरबत दिया जाता है वह भी श्रद्धालुओं की इच्छा अनुसार चाहे वह जितना शरबत ले।

नगर के धाम मोहल्ला स्थित श्री बाईजूराज महारानी जी मंदिर में वैशाख शुक्ल अष्टमी अन्तर्धान की तिथि के रूप में मनाया जाता है।  आज के दिन श्रद्धालु सुंदर साहब के द्वारा निर्जला व्रत रखने की परंपरा सदियों से चली आ रही है। परंपरानुसार शरबत का भोग श्री श्यामाजी महारानी जी को अर्पित कर फिर सभी निर्जला व्रत श्रद्घालु सुन्दरसाथ व उपस्थित सभी श्रद्घालु सुंदरसाथ को प्रसाद के रूप में मीठा शरबत जो कि शक्कर व काली मिर्च के मिश्रण से बनाया जाता है उसी को वितरित किया जाता है।

सोमवार वैशाख शुक्ल अष्टमी अन्तर्धान की तिथि पर पन्ना के प्रसिद्ध बाईजू राज महारानी जी के मंदिर में दोपहर 12 बजे से प्रणामी समाज के सैकड़ों सुन्दरसाथ जिसमे महिलाएं, पुरुष, बच्चों के साथ-साथ श्री 108 प्राणनाथ जी मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारी, न्यासी सभी पहुंचते हैं इसके साथ प्रणामी धर्म के अनुयायी जो पूरे देश में फैले हुए हैं उनमें से कुछ अनुयायी भी इस दिवस को मनाने पन्ना जी पहुंचते हैं। अन्तर्धान दिवस मनाने मंदिर पहुंचे समस्त श्रद्घालु सुन्दरसाथ श्री श्यामजी की कृपा को बार-बार स्मरण करते हैं व श्यामा जी महारानी जी के मंदिर में करूण रस में विरह के भजन गाए जाते हैं। विरह के भजन के गायन के पश्चात दोपहर लगभग 2 बजे मीठे शरबत को चरणामृत के रूप में भरपूर बांटते हैं जिस प्रसाद को पाकर सुन्दरसाथ अपना नीरजला व्रत पूरा करते हैं। उनके अन्तर्धान की तिथि को निर्जला व्रत रखने की परम्परा का परिपालन करते हैं, कुछ श्रद्घालु आज के दिन मौन व्रत भी रखते हैं।

भीषण गर्मी में भी सैकड़ों की संख्या में उपस्थित रहे श्रद्घालु श्री बाईजूराज महारानी जी के मंदिर में आज अन्तर्धान की तिथि वैशाख शुक्ल अष्टमी पर भीषण गर्मी के बावजूद भी सैकड़ों की संख्या में श्रद्घालुओ ने पहुचकर सदियो पुरानी परम्परा का निर्वहन करते हुए पाठ-पूजन कर धर्मलाभ लिया।