भारतीय रेलवे द्वारा मनाए जा रहे आईकानिक सप्‍ताह के तहत आजादी की रेलगाड़ी एवं स्‍टेशन का इंदौर स्‍टेशन पर आयोजन

9:06 pm or July 23, 2022
महावीर अग्रवाल
मन्दसौर २३ जुलाई ;अभी तक;  आजादी की 75वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्‍य में संपूर्ण भारत में मनाए जा रहे ‘आजादी का अमृत महोत्सव’  के अंर्तगत भारतीय रेलवे द्वारा मनाए जा रहे आईकॉनिक सप्‍ताह ‘आजादी की रेलगाड़ी एवं स्‍टेशन‘ के अंतर्गत इंदौर रेलवे स्टेशन से शांति एक्सप्रेस को स्वतंत्रता सेनानियों के  परिवार के सदस्यों द्वारा माननीय सांसद इंदौर श्री शंकर लालवानी की गरिमामयी उपस्थिति में हरी झंडी दिखाकर किया रवाना किया गया।
                   आजादी का अमृत महोत्सव के अंतर्गत भारतीय रेल द्वारा 18 से 23 जुलाई, 2022 तक आजादी की रेलगाड़ी और स्टेशन समारोह का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें भारतीय रेलवे के 75 स्टेशनों व 27 रेलगाड़ियों को चिन्हित किया गया है जिसका किसी न किसी प्रकार से स्‍वतंत्रता संग्राम से संबंध रहा है। इसी के तहत रतलाम मंडल के इंदौर से चलने वाली गाड़ी संख्या 19310 इंदौर- गांधीनगर कैपिटल शांति एक्सप्रेस का स्‍पॉटलाइट के लिए चयन किया गया है।
                       इस अवसर पर गाड़ी संख्या 19310 इंदौर गांधीनगर कैपिटल शांति एक्सप्रेस को रेल मंत्रालय द्वारा प्राप्त निर्देशानुसार सुसज्जित कर 22 जुलाई, 2022 को इंदौर स्टेशन से स्थानीय स्वतंत्रता सेनानियों व उनके परिवार के सदस्यों द्वारा हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।
                इस दौरान इंदौर के स्‍थानीय स्‍वतंत्रता संग्राम में भाग लेने वाले स्‍वतंत्रता सेनानियों में से श्री माधव आनंद गर्दे, श्री दत्‍तात्रेय कापसे, श्री निलकंठ एवं श्री रखाबचंद बावेल के परिवार से कुल आठ लोग शामिल हुए। सभी सदस्‍यों को रतलाम मंडल द्वारा हार एवं पुष्‍पगुच्‍छ से स्‍वागत किया गया।
                 रेलवे द्वारा आयोजित किए गए इस कार्यक्रम में आए हुए स्‍वतंत्रता सेनानियों के पारिवरिक सदस्‍यों ने खुशी व्‍यक्‍त की तथा कहा कि पहली बार रेलवे द्वारा इस प्रकार के कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है जो काफी अच्‍छा है।
                   इस कार्यक्रम में अपर मंडल रेल प्रबंधक श्री अशफाक अहमद सहित मंडल के अन्‍य अधिकारी, स्‍थानीय जनप्रतिनिधितगण, क्षेत्रीय/मंडल रेल उपभोक्‍ता सलाहकार समिति के सदस्‍यगण, स्‍टेशन सलाहकार समिति के सदस्‍य सहित अन्‍य गणमान्‍य लोग उपस्थित रहे।