मिटी धुंध जग चानन होया, कल तारण गुरु नानक आया, गुरुनानक जी की 553वा जयंती हर्षोल्लास मनाई गई 

7:36 pm or November 8, 2022
एस पी वर्मा
सिंगरौली ८ नवंबर ;अभी तक;  श्री गुरुनानक देव जी महाराज का 553वां प्रकाशपर्व मंगलवार को  श्री गुरुद्वारा गुरु सिंह सभा शक्तिनगर में श्रद्धापूर्वक एवं हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर गुरुद्वारा में विशेष रूप से साज सज्जा की गई।श्री गुरु नानक देव जी का 553 वा प्रकाश पर्व धूमधाम से केंद्रीय रूप से शक्तिनगर गुरुद्वारे में मनाया गया |
श्री गुरुनानक देव जी सिखों के प्रथम गुरु थें । इनके जन्म ‌दिवस को गुरुनानक जयंती के रूप में मनाया जाता है। नानक जी का जन्म 1469 में कार्तिक पूर्णिमा को  पंजाब (पाकिस्तान) क्षेत्र में रावी नदी के किनारे स्थित तलवंडी नाम गांव में हुआ।   इनके पिता का नाम कल्याण या मेहता कालू जी था और माता का नाम तृप्ती देवी था। 16 वर्ष की उम्र में इनका विवाह गुरदासपुर जिले के लाखौकी नाम स्थाथन की रहने वाली कन्या  सुलक्ख नी से हुआ। इनके दो पुत्र श्रीचंद और लख्मी चंद थें।
श्री गुरुनानक देव जी अपने चार साथी मरदाना, लहना, बाला और रामदास के साथ तीर्थयात्रा पर निकल पड़े थे। ये चारों ओर घूमकर उपदेश देने लगे। 1521 तक इन्होंने तीन यात्राचक्र पूरे किए, जिनमें भारत, अफगानिस्तान, फारस और अरब के मुख्य मुख्य स्थानों का भ्रमण किया। इन यात्राओं को पंजाबी में “उदासियाँ” कहा जाता है। श्री नानक जी के अनुसार ईश्वर कहीं बाहर नहीं, बल्कि हमारे अंदर ही है।
श्री गुरु नानक देव जी के 553 प्रकाश पर्व के अवसर पर ऊर्जांचल के समस्त गुरुद्वारे में लगातार कई दिनो तक सुबह संगतों द्वारा प्रभात फेरी प्रातः नगर में निकली जाती रही | जिसके साथ ही 6 तारीख को अखण्ड पाठ साहिब का पाठ प्रारम्भ किया गया था । जिसकी समाप्ति आज सुबह गुरुद्वारा साहिब में कई गयी । आज श्री प्रकाश पर्व के दिन प्रात 10:00 बजे से स्थानीय संगत तथा कीर्तन रागी जत्था बैढंन के भाई धर्मेंद्र सिंह जी ने कीर्तन किया । प्रकाश पर्व के अवसर पर उतराखंड के देहारादून से आए रागी जत्था भाई कवरपाल सिंह जी द्वारा अमृतवानी से कीर्तन किया । धन सतगुरु गुरुनानक देव जी के इतिहास बताया । भाई रागी कवरपाल सिंह जी द्वारा बहुत सारे किरतन किया गया जिसमे से मिटी धुंध जग चानन होया, कल तारण गुरु नानक आया, कीर्तन भी प्रमुख रूप से किया गया | इसके बाद आनंद शाहिब के पाठ की समाप्ति के बाद अरदास फिर गुरु का लंगर की वितरित किया गया  । ऊर्जांचल की संगत इस पर्व के उत्साह पूर्वक मनाते हुए सुबह से ही गुरुद्वारे में एकत्रित हो गई । पाठ की समाप्ति 2:00 बजे होने के उपरांत लंगर का प्रसाद वितरण किया गया । कई स्थानीय लोगों ने प्रसाद लिया।
शक्तिनगर गुरुद्वारा के अलावा जयंत,बीना, बैढ़न, शक्तिनगर, रेनू सागर सिंगरौली के गुरुद्वारे में भी सुबह कीर्तन दरबार  किया गया । शक्तिनगर गुरुद्वारा में मुख्य रूप से सिंगरौली महापौर रानी अग्रवाल , एनटीपीसी शक्तिनगर परियोजना के जीएम का गुरुद्वारा कमिटी ने सरोपा भेट कर सम्मान किया । इसके अवाला अन्य गुरुद्वारा समिति के अध्यक्ष ,समिति सदस्य  के साथ के साथ समस्त साध संगत ने कीतर्न वाणी सुनकर निहाल हुए
सिंगरौली गुरुद्वारे मे भी रात मे मनाया गया गुरुपर्व
 श्री गुरुनानक देव जी महाराज का 553वां प्रकाशपर्व मंगलवार को  श्री गुरुद्वारा गुरु सिंह सभा सिंगरौली में श्रद्धापूर्वक एवं हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर गुरुद्वारा में विशेष रूप से साज सज्जा की गई।श्री गुरु नानक देव जी का 553 वा प्रकाश पर्व के अवसर पर गुरुद्वारे मे कीर्तन पाठ किया गया जिसके बाद आतिशबाज़ी भी किया गया |जिसके बाद सिंगरौली गुरुद्वारा मे आई संगत को लंगर प्रसाद वितरित किया गया |