लाडली लक्ष्‍मी योजना से लाभान्वित है कुमारी आरती, बिखरते परिवार  का सहारा बनी दीप्ति

6:51 pm or May 4, 2022
महावीर अग्रवाल
मंदसौर 4 मई ;अभी तक;   मंदसौर जिले के ग्राम रलायता आंगनवाड़ी केंद्र क्रमांक 2 की लाडली लक्ष्मी योजना की पात्र बालिका दीप्ति अपने घर की दीप्ति बनी हुई है स्वयं पढ़ने के साथ वे अपने भाई को भी उच्च शिक्षा देकर योग्य बनाना चाहती हैं  दीप्ति उत्कृष्ट विद्यालय मंदसोर के आर्ट्स विषय की कक्षा ग्यारहवीं की छात्रा हैं पिछले वर्ष कोविड के दौरान पिता की मृत्यु हो गई तो महिला बाल विकास विभाग एवं गनेडिवाल ट्रस्ट ने भी मदद का हाथ बढ़ाया था।
                     दिप्‍ती कहती है कि शासन द्वारा समय-समय पर लाभ भी दिया गया। घर की आर्थिक परिस्थितियां डगमगाने लगी। एक दिन दीप्ति ने एक यूट्यूब पर वीडियो देखा जिसमें मैक्रोन की डोरी से झूमर बनाना दिखाया गया था। दीप्ति ने घर में कोशिश की एक झूमर बनाया और सोशल मीडिया पर अपनी मौसी को भेजा दीप्ति के मौसाजी मार्बल फैक्ट्री पर काम करते थे। उन्होंने भी दीप्ति का झूमर शेयर किया तो फैक्ट्री से ही झूमर बनाने का ऑर्डर दीप्ति को मिला धीरे-धीरे डिमांड की शुरुआत सफर में सोशल मीडिया के माध्यम से धीरे-धीरे दीप्ति के झूमर सोशल मीडिया पर प्रसारित हुए तो और भी लोगों ने डिमांड की 2 माह में  शुरू हुए सफ़र में दीप्ति के झूमर तैयार कर नीमच में सोशल मीडिया के माध्यम से विक्रय किए अभी दीप्ति सिलाई का कोर्स भी कर रही हैं।
                     महिला बाल विकास विभाग अपनी लाडली के जज्बे को सलाम करता है जिसने पिता की मौत के बाद अपने बिखरते परिवार को न सिर्फ सहारा दिया बल्कि अपनी पढ़ाई भी जारी रखे हुए हैं। पर्यवेक्षक ज्योति नवहाल बताती हैं कि दीप्ति में नैसर्गिक प्रतिभा है वह किसी भी कला को शीघ्र समझ लेती हैं आंगनवाड़ी कार्यकर्ता  श्रीमती शिवकन्या चौधरी कहती हैं ऐसी बेटियां परिवार की ही नहीं पूरे गांव की लाडली होती हैं। कुमारी दिप्‍ती को लाडली लक्ष्‍मी योजना में पढाई के लिए लाभ मिल रहा है। इस के लिए उन्‍होने मुख्‍यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान को धन्‍यवाद दिया है।