वायरल फीवर की चपेट में बच्चे, कोरोना वायरस से लड़ने की तैयारियों की पोल वायरल फीवर ने खोली

डॉ रवि शर्मा भिंड से
भिंड ९ सितम्बर ;अभी तक; बदलते हुए इस मौसम में बीमारियां शुरू हो गई हैं । इसके चलते जिला चिकित्सालय मैं वायरल फीवर के मरीजों की संख्या काफी हो गई है । वहीं इन दिनों बच्चों में वायरल फीवर की समस्या ज्यादा आ रही है । हालात यह है कि जिला चिकित्सालय का बच्चों का वार्ड धीरे धीरे दिन प्रतिदिन भर जहा है । बड़े रहे मरीज में बच्चों की संख्या ज्यादा है । 5 दिनों से ऐसी बच्चों की संख्या तेजी से बढ़ी है । यहां पर वायरल फीवर के साथ ज्वाइंडिस यानी पीलिया और बच्चों को 3 दिन वायरल फीवर के बाद अगर चिकित्सक के अनुसार दवाइयों को सेवन करने के लिए 3 दिन के भीतर वायरल फीवर को खत्म हो जाना चाहिए । उपचार के बाद अगर जरा सी भी लापरवाही की तो वायरल फीवर के उपरांत टाइफाइड सर्दी खांसी और जुकाम एक काफी संख्या में बच्चे आ रहे हैं
इसका इलाज वायरल फीवर आते ही चिकित्सक के अनुसार दवा का तंत्र प्रयोग करके वायरल फीवर को खत्म कर और खुली हवा मैं ना घूमने दे क्योंकि वायरल फीवर में जरा सी भी ज्यादा थकान आने पर फीवर वायरल फीवर पर काबू पाना मुश्किल हो जाता है क्योंकि वायरल फीवर आने के बाद टाइफाइड होने के आसार अत्याधिक मात्रा में बढ़ जाते हैं जिससे बच्चों को कमजोरी महसूस और सर्दी खांसी और जुकाम में काफी बीमारी होने की संभावना रहती है । समय रहते वायरल फीवर पर तुरंत चिकित्सक द्वारा दवाओं का प्रयोग करके खत्म करना जरूरी है । संपूर्ण बेड रेस्ट 3 या 4 दिनों तक बाहर की हवा हानिकारक होती है ।
              इस बदलते मौसम में दिन प्रतिदिन ओपीडी हजार 1200 तक पहुंच रही है जिला चिकित्सालय भिंड की ओपीडी में बच्चों की संख्या ज्यादा बढ़ रही है प्रतिदिन ओपीडी में इसका इजाफा बढ़ता ही जा रहा है और दिन प्रतिदिन बच्चों की संख्या तेजी से बढ़ी है इसमें कई दिनों बच्चों की संख्या तेजी से बढ़ी है हर दिन कई बीमारियों से ग्रस्त बच्चे आ रहे हैं डॉक्टर बच्चों से गिरे रहते हैं बच्चों में सबसे ज्यादा वायरल फीवर ज्ञानी बुखार के साथ सर्दी जुकाम खांसी के भी बच्चे आ रहे हैं डेंगू फीवर भी बच्चों पर हावी मच्छरों से उनको बचाएं शहर में डेंगू पीड़ितों की संख्या भी बढ़ रही है इनमें बड़ी संख्या में बच्चों की भी है ।
               बाल एवं शिशु डॉ  रोग विशेषज्ञ डॉक्टर सतीश शर्मा के अनुसार बच्चों के बीमार होने पर तत्काल चिकित्सक से संपर्क करें इस मौसम में मच्छर अधिक पनपते हैं ऐसे में बच्चों को मच्छरदानी मच्छरों से बचाएं उन्हें ऐसे कपड़े पहनाए जिससे उनका पूरा शरीर पूरी तरह डकार है रात के समय मच्छरदानी का उपयोग करें और कूलर या अन्य जगहों पर पानी जमा ना होने दें यह बरतें सावधानी एक बच्चों को जहां तक हो पूरी आस्तीन के कपड़े पहना कर रखें दो आइसक्रीम में ठंडी चीजों का बच्चे उपयोग ना करें 3 तेजी से निकली ठंडी हवा खाद्य सामग्री के उपयोग से बचें घर के आसपास गंदगी कटती नहीं होने दें 5 घर में काफी समय से भरा साफ पानी ना रखें 6 बारिश के पानी को एकत्रित ना होने दें सा छत पर रखी टंकियों की समय-समय पर सफाई करें 8 अगर बच्चों को हल्का बुखार भी आता है तो तुरंत डॉक्टर की सलाह से दवा का सेवन करवाएं नो 9 और ताजा भोजन करें इन दिनों वायरल फीवर के मरीजों की संख्या ज्यादा बड़ी है क्योंकि मौसम में इस तरह की समस्या सामने आती है डॉ सतीश शर्मा बाल ऐप शिशु रोग विशेषज्ञ जिला चिकित्सालय भिंड डेंगू वाले क्षेत्रों में सगन सर्वे शुरू किया है इसके साथ ही स्वास्थ्य विभाग की टीम क्षेत्रों में पहुंचकर लारवा और फागिंग कर रही हैं डॉक्टर अनिल गोयल सिविल सर्जन जिला चिकित्सालय भिंड