शादीघर में घुसकर हत्या करने वाले आरोपी अकबर को आजीवन कारावास 

 अग्रवाल
मन्दसौर/उज्जैन  एक ;दिसंबर अभी तक;  न्यायालय श्रीमान एन.पी. सिंह जिला एवं सत्र न्यायाधीश महोदय जिला उज्जैन के न्यायालय द्वारा आरोपी अकबर खान पिता अजीज बमबाज, उम्र-23 निवासी धनकुट्टा मोहल्ला जिला उज्जैन को धारा 302 भादवि में आजीवन कारावास एवं 1000/- रूपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।
उप-संचालक (अभियोजन) डॉ. साकेत व्यास ने अभियोजन घटना अनुसार बताया कि दिनांक  09.05.2019 को थाना नानाखेड़ा पर पदस्थ उपनिरीक्षक को मृतक कैलाश पिता भैरूलाल मीणा उम्र 55 वर्ष निवासी जस्ताखेडी की मृत्यु की सूचना प्राप्त हुई थी जिसकी जॉच हेतु वह सी.एच. पहुॅचा मृतक की शव पंचायतनाम चश्मदीद साक्षी श्रीमती वर्षा मीणा के कथन लिये गये। श्रीमती वर्षा मीणा ने बताया कि आज से करीबन 20 दिन पहले नवरात्री में हमारे रिश्तेदार विजय मीणा हमारे घर पर आये थे, उनके साथ उनका दोस्त अकबर खान भी आया था, जो चाय पीकर हमारे घर से चले गये थे। दिनांक 06.05.2019 को अकबर खान अकेला हमारे घर पर आया था व मेरे देवर दीपक मीणा को उसकी सफदे रंग की गाड़ी पर बैठाकर हमारे खेत पर ले गया था। अकबर खान ने मेरे देवर दीपक को हमारी जमीन पर मछली पालन के लिये 01 लाख रूपये लोन देने की बात की थी। दिनंाक 08.05.2019 को मेरे देवर दीपक मीणा की शादी होने से कई मेहमान आये थे। सभी मेहमान रात को खाना खाकर नीचे के मकान में सो गये थे, मे तथा मेरी बड़ी बहन पूजा तथा बच्चे तथा घर में उपर के कमरे मे सो गये थे, उपर एक अलग कमरे में मेरे ससुर कैलाश मीणा भी सो गये थे। मेरे ससुर के कमरे में दरवाजा नही था, दिनंाक 09.05.2019 को सुबह करीब 04ः00 बजे मुझे मेरे ससुर कैलाश मीणा की चिल्लाने की आवाज आई तो मै जाग गई और मैंने मेरे ससुर के कमरे में जाकर देखा तो अकबर खान मेरे ससुर कैलाश मीणा के सीने पर बैठकर चाकू मार रहा था, मैं चिल्लाई तो अकबर खान कमरे से भागा। मैने अकबर खान को पकड़ने की कोशिक की तो वह मुझे धक्का देकर भाग गया। मेरी आवाज सुनकर मेरी दीदी पूजा मीणा भी कमरे से बाहर आ गई। अकबर खान हमारे घर के बाहर खडी उसकी मोटर साइकिल लेकर भाग गया। परिवार वाले मेरे ससुर को सरकारी अस्पताल लेकर आये थे जहॉ पर मेरे ससुर की मृत्यु हो गई थी। पुलिस द्वारा आरोपी के विरूद्ध अपराध को पंजीबद्ध किया गया था। अनुसंधान के दौरान आरोपी को गिरफ्तार किया गया। आरोपी अकबर की शर्ट तथा मृतक के कपड़े पर पाये खून के डीएनए जांच कराने पर डीएनए की जांच रिपोर्ट पॉजीटिव आई थी एवं जप्तशुदा लोहे एवं प्लास्टिक एवं लाल कलर का कटर पर अगुॅली चिन्ह की जॉच कराने पर आरोपी के अगुॅली चिन्ह पाये गये थे। विवेचना उपरांत न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया था। न्यायालय द्वारा अभियोजन के तर्कों से सहमत होकर आरोपी को दण्डित किया गया।
न्यायालय की टिप्पणीः- न्यायालय द्वारा अभियोजन अधिकारीगण डॉ0 साकेत व्यास तथा श्री राजकुमार नेमा की प्रशंसा करते हुये लेख किया है कि दोनो अभियोजन अधिकारीगण द्वारा आरोपी की दोषसिद्धी हेतु प्रकरण का संचालन लगन एवं पूर्ण कर्तव्य निष्ठा से किया है।
 प्रकरण में अभियोजन की ओर से अंतिम तर्क डॉ0 साकेत व्यास उप-सचंालक (अभियोजन) द्वारा किये गये थे तथा प्रकरण की पैरवी श्री राजकुमार नेमा, जिला लोक अभियोजन अधिकारी उज्जैन के द्वारा की गई।