शासकीय राशि गबन करने के प्रकरण में देहात थाना में एफआईआर दर्ज

सौरभ तिवारी 
होशंगाबाद १४ अक्टूबर ;अभी तक;  शासकीय राशि गबन करने के प्रकरण में देहात थाना होशंगाबाद में एफआईआर दर्ज कराई गई है। प्रबंधक मध्यप्रदेश सिल्क फेडरेशन होशंगाबाद  शरद श्रीवास्तव ने बताया है कि एफआईआर अहमदाबाद निवासी संजय हलारी आत्मज धीरजलाल हलारी उम्र 55 वर्ष के विरूद्ध देहात थाना होशंगाबाद में कराई गई है।

प्रबंधक ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया है कि सिल्क फेडरेशन मालाखेड़ी होशंगाबाद द्वारा विभिन्न वस्त्रों के सिलाई एवं प्रिंटिंग का कार्य कराया जाता है। वर्ष 2016 में संजय हलारी निवासी अहमदाबाद से रेशम वस्त्रों की सिलाई/प्रिंटिंग कर वापस फेडरेशन को लौटाने का अनुबंध किया गया था। अनुबंध के अनुसार वस्त्र सिल्क फेडरेशन से दिया जाना था एवं वस्त्रों की सिलाई डिजाइन विभाग द्वारा दिये अनुसार की जाना थी, सिलाई निर्धारित दर अनुसार विभाग को अदा करनी थी। इस परिप्रेक्ष्य में संजय हलारी को विभाग द्वारा 24 लाख 77 हजार 638 रूपए का 8174.48 मीटर कपड़ा उपलब्ध कराया जाकर एवं उसकी सिलाई के 8 लाख 7 हजार 50 रूपए संजय हलारी के बैंक एकाउंट नंबर के माध्यम से राशि का भी अग्रिम भुगतान किया गया था। संजय हलारी ने कपड़ा एवं सिलाई का पैसा मिलने के बाद से ही कपड़ा सिलाई में हीलाहवाली करने लगा, इस दौरान रेशम विभाग के अधिकारियों द्वारा लगातार उससे संपर्क किया गया, परन्तु संजय हलारी हमेशा आश्वासन देता रहा तथा कोरोना महामारी का हवाला देकर शीघ्र काम करने का कहता रहा।

कोरोना समाप्त होने के बाद पुन: 8 अक्टूबर 2020 को अहमदाबाद पहुँचकर उससे संपर्क किया गया तो उसके निवास पर कोई कपड़ा नहीं मिला तब रेशम विभाग के अधिकारी द्वारा पुलिस में शिकायत की बात की तो उसने 7904.10 कपड़ा वापस किया एवं शेष कपड़ा शीघ्र लौटाने का आश्वासन दिया परन्तु आज दिनांक तक शेष 270.38 मीटर कपड़ा वापस नहीं किया है और नही सिलाई के लिए ली गई अग्रिम राशि में से शेष 5 लाख 35 हजार 600 रूपए वापस किये हैं। इस प्रकार से संजय हलारी द्वारा शासकीय वस्त्र को इधर-उधर कर अन्यत्र कही विक्रय कर दिया एवं एडवांस की राशि हड़प ली है। इस प्रकार से संजय हलारी आत्मज धीरजलाल हलारी से 5 लाख 35 हजार 600 रूपए एवं 270.38 मीटर कपड़ा जिसकी कीमत 1 लाख 1 हजार 731 रूपए है के गबन पर पुलिस थाना (देहात) होशंगाबाद में प्राथमिकी की सूचना दर्ज करायी गई है।

 

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