शिक्षा के नाम पर विद्यार्थियों की फीस व शिक्षकों का वेतन लेकर गायब हो गया एनजीओ

 भिंड से डॉक्टर रवि शर्मा
भिंड २४ जून ;अभी तक; भिंड जिले में गरीब तबके के बच्चों को ज्ञान धारा प्रोजेक्ट के तहत शिक्षा देने का आश्वासन देकर ना केवल छात्र-छात्राओं से शिक्षण शुल्क बल्कि भर्ती किए गए शिक्षक व अन्य अधिकारियों की पगार लेकर एक एनजीओ गायब हो गया है ।
                धोखाधड़ी का शिकार हुए अभिषेक प्रताप सिंह परिहार निवासी शास्त्री नगर भिंड के अनुसार कारोली फाउंडेशन के नाम से संचालित एनजीओ के डायरेक्टर रवि कांत शर्मा व मोहन उपाध्याय द्वारा फरवरी 2021 से में एनजीओ में काम करने के जिला अधिकारी सुपरवाइजर खंड अधिकारी एंड शिक्षकों के जैसे विभिन्न पदों पर भर्ती की गई थी । अभिषेक प्रताप सिंह ने बताया कि उसने जिला अधिकारी पद के लिए साक्षात्कार दिया था । मार्च 2021 से उसे जॉइनिंग लेकर 16000 रुपए प्रति महा पगार का आश्वासन देकर काम शुरू करने के लिए कहा गया । उसे जिले के सभी विकास खंडों में खंड अधिकारी नियुक्त करने के उपरांत सुपरवाइजर व शिक्षक नियुक्त करने को कहा गया ।  अभिषेक प्रताप सिंह ने जिले भर में 4 अधिकारी 4 सुपरवाइजर में 6 शिक्षक भर्ती कर लिए ।
 300000 से अधिक का वेतन बकाया
अभिषेक प्रताप सिंह के अनुसार उनके द्वारा भर्ती किए गए खंड अधिकारी और ब्लॉक ऑफिसर द्वारा भर्ती किए गए । सुपरवाइजर द्वारा भर्ती किए गए शिक्षक अपने मातहत अधिकारियों से पगार के लिए चक्कर लगा रहे हैं । जिला अधिकारी को 16000 ब्लॉक ऑफीसर को 12000 सुपरवाइजर को   ७००० महीने पगार पर नियुक्त किया गया था । सभी अधिकारी व कर्मचारी ने 2 माह तक का काम किया। उसके बाद वेतन के रूप में ₹1 नहीं आया है वहीं छात्र छात्राओं को शिक्षा भी 3 माह तक नहीं दी गई ।
               प्रदेश के अन्य जिलोंजिसके मेंभी भी इसी तरह से की ग कारोली फाउंडेशन की ओर से भिंड में ही नहीं बल्कि प्रदेश के सभी जिले में इस तरह की धोखाधड़ी की गई है इंदौर के विजय नगर थाने में विक्की छेड़े नामक व्यक्ति द्वारा पुलिस को शिकायत भी की गई है जिसके बाद एनजीओ की कारस्तानी की जांच भी शुरू कर दी गई है इधर भिंड जिले में नियुक्त किए गए अधिकारी कर्मचारी युवाओं ने वी एसपी को शिकायती आवेदन दिया है प्रत्येक छात्र से ₹92 लेकर 3 माह तक पढ़ाना था एनजीओ के डायरेक्टर द्वारा बताया गया था कि भारत सरकार के ज्ञान रारा प्रोजेक्ट के तहत गांव व शहर के गरीब तबके के बच्चों के अभिभावकों से प्रति छात्र ₹92 लेकर 3 माह तक शिक्षा प्रदान करनी है भिंड जिले में नियुक्त किए गए सुपरवाइजर खंड अधिकारी तथा शिक्षकों को छात्रों का चयन कर उनकी संख्या बढ़ाने की जिम्मेदारी लिहाजा जिले भर में 110 छात्रों से 10120 रुपए पंजीयन शुल्क के नाम पर जमा करा दिए गए उधर एनजीओ में भर्ती किए गए विभिन्न पदों के अधिकारी कर्मचारियों को यह बताया गया था कि उसकी पगार 40 दिन के बाद उनके बैंक खाते में जमा होगी लिहाजा डेढ़ माह तक काम करने के बाद टीचर स्टाफ को पगार नहीं मिली तो डायरेक्टर से संपर्क करना शुरू किया गया लेकिन उनके द्वारा जारी किए गए मोबाइल नंबर लंबे समय के लिए स्विच ऑफ हो गए इस तरह की धोखाधड़ी किए जाने की स्थिति में संबंधित हों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी कमलेश ख र पूसे अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भिंड