सुशासन भवन में मनाया गया राष्ट्रीय मतदाता दिवस, “वोट जैसा कुछ नहीं, वोट जरूर डालेंगे हम” ये है मतदाता दिवस की थीम

5:56 pm or January 25, 2023
महावीर अग्रवाल
मंदसौर 25 जनवरी ;अभी तक;  कलेक्‍टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री गौतम सिंह द्वारा सुशासन भवन में जिला अधिकारियों को राष्‍ट्रीय मतदाता दिवस की शपथ दिलाई गयी। इस अवसर पर 1 जनवरी को 18 वर्ष की आयु पूर्ण करने वाले युवा मतदाताओं को फोटोयुक्त पहचान पत्र (ईपिक कार्ड) भी वितरित किए गए। इस दौरान मतदाता दिवस के अवसर पर आयोजित निबंध, चित्रकला, स्लोगन व वादविवाद प्रतियोगिताओं के प्रथम तीन विजेताओं को पुरूस्कार एवं प्रशस्ति पत्र भी वितरित किए। कलेक्टर ने राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर भारत निर्वाचन आयोग के मुख्य निर्वाचन आयुक्त द्वारा भेजे गये संदेश का वाचन किया। लोकतंत्र की मजबूती के लिए मतदाताओं को शपथ दिलाई गई तथा नये युवा मतदाताओं को बैज भी लगाए गए। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र पर माल्यापर्ण व दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस दौरान सीईओ जिला पंचायत श्री कुमार सत्यम, अपर कलेक्टर श्री आरपी वर्मा, उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री रंजीत कुमार, संयुक्त कलेक्टर श्री बिहारी सिंह, मंदसौर एसडीएम श्री शिवलाल शाक्य, जिलाधिकारी, युवा मतदाता मौजूद थे।
                                            मध्यप्रदेश में भारत निर्वाचन आयोग के स्थापना दिवस 25 जनवरी को राष्ट्रीय मतदाता दिवस के रूप में मनाने का सिलसिला वर्ष 2011 से प्रारंभ हुआ है। अन्य राज्यों की तरह मध्यप्रदेश में भी लोकतंत्र के इस पवित्र उत्सव को प्रतिवर्ष 25 जनवरी को पूरे उत्साह और उमंग के साथ राज्य, जिला एवं प्रत्येक मतदान केन्द्र स्तर पर मनाया जाता है। लोकतंत्र को मजबूत करने और मतदाता जागरूकता के लिये आयोजित राष्ट्रीय मतदाता दिवस समारोह में सभी वर्ग के लोग भाग लेते हैं। मध्यप्रदेश में राष्ट्रीय मतदाता दिवस के आयोजन का यह 12 वा अवसर है। मध्यप्रदेश के मतदाताओं को ईवीएम की विश्वसनीयता और पारदर्शिता से अवगत करवाया गया है। ईवीएम के साथ वीवी पैट के उपयोग की जानकारी मतदाताओं को देने के लिये भी व्यापक पहल की गई है।
मतदाता दिवस के अवसर पर ली गई शपथ
                                          ‘‘हम, भारत के नागरिक, लोकतंत्र में अपनी पूर्ण आस्था रखते हुए यह शपथ लेते हैं कि हम अपने देश की लोकतांत्रिक परम्पराओं की मर्यादा को बनाए रखेंगे तथा स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण निर्वाचन की गरिमा को अक्षुण्ण रखते हुए, निर्भीक होकर, धर्म, वर्ग, जाति, समुदाय, भाषा अथवा अन्य किसी भी प्रलोभन से प्रभावित हुए बिना सभी निर्वाचन में अपने मताधिकार का उपयोग करेंगे।‘‘