स्वंतत्रता संग्राम में मंदसौर आंदोलन का केंद्र रहा-इतिहासकार श्री पाण्डेय

6:08 pm or March 13, 2021
स्वंतत्रता संग्राम में मंदसौर आंदोलन का केंद्र रहा-इतिहासकार श्री पाण्डेय
महावीर अग्रवाल
मन्दसौर १३ मार्च ;अभी तक;  जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान डाइट में आजादी के अमृत महोत्सव के उपलक्ष्य में प्राचार्य डॉ. प्रमोद सेठिया की अध्यक्षता मंे व्याख्यान का आयोजन किया गया। व्याख्यान में मुख्य अतिथि व मुख्य वक्ता शिक्षाविद एवं इतिहासकार श्री के.सी. पाण्डेय थे।
श्री पाण्डेय ने कहा कि स्वंतत्रता संग्राम के आंदोलन में मंदसौर आंदोलन का केंद्र रहा है। आपने बताया कि ग्वालियर स्टेट का मंदसौर सबसे बड़ा जिला था, पूरा प्रदेश विभिन्न रियासतों में बंटा हुआ था। आपने कहा कि अंग्रेजो का शासन सभी क्षेत्रों में नहीं था, अविभाजित मंदसौर जिले कि नीमच स्थित छावनी आन्दोलन की केंद्र बिंदु रही है।
श्री पाण्डेय ने इस अवसर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी द्वारा चलाए गए विभिन्न आंदोलन पर भी प्रकाश डालते हुए बताया कि आज ही के दिन 12 मार्च 1930 को महात्मा गांधी द्वारा दांडी यात्रा प्रारंभ की गई थी। आजादी की 75 वर्षगांठ के उपलक्ष्य मे देश में आगामी 75 सप्ताह तक 75 कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
कार्यक्रम के आरंभ में अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण किया गया। इस अवसर पर डाइट की व्याख्याता डॉ. अलका अग्रवाल, आर.एस. मसराम, रघुवीर मालवीय, डीएलएड के छात्राध्याक आदि उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन कार्यक्रम समन्वयक श्री आर.डी. जोशी ने किया। अंत मे आभार डॉ. अलका अग्रवाल द्वारा माना गया।

Related Articles

Post your comments

Your email address will not be published. Required fields are marked *