15 हजार से अधिक जनजातीय बंधु 15 को पहुंचेंगे भोपाल

मयंक भार्गव, बैतूल से

बैतूल १३ नवंबर ;अभी तक;  भारत की सभ्यता और संस्कृति में जनजातीय समाज का महत्वपूर्ण योगदान है। पुरातन युगों से लेकर वर्तमान काल तक जनजातीय समाज ने भारत की प्रगति में महती भूमिका निभाई है। लेकिन इस सबके बावजूद वामपंथी और कांग्रेसी इतिहासकारों ने जो इतिहास लिखा उसमें जानबूझकर जनजातीय समाज की उपेक्षा की गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में जनजातीय गौरव जागरण के प्रयास शुरू हुए हैं। जनजातीय गौरव दिवस का भोपाल में आयोजित होने वाला विराट कार्यक्रम इसी प्रयास की एक कड़ी है। इस कार्यक्रम में बैतूल जिले से 15 हजार से अधिक जनजातीय बंधु शिरकत करेंगे और जनजातीय गौरव जागरण के साक्षी बनेंगे। यह बात सांसद दुर्गादास उइके ने शनिवार दोपहर जिला भाजपा कार्यालय विजय भवन में आयोजित एक पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए व्यक्त किए।

सांसद ने कहा कि देश में भाजपा की सरकार बनने के बाद से जनजातीय समाज बंधुओं को यथोचित सम्मान देने का क्रम शुरू हुआ है। आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार ने जनजातीय गौरव भगवान बिरसा मुण्डा की जयंती को आदिवासी गौरव दिवस घोषित कर जनजातीय समाज को यथोचित सम्मान दिया है। यह इतिहास के गौरव जागरण का पल होगा जिसका जनजातीय समाज के हर एक बंधु को साक्षी बनना चाहिए।

320 बसों सहित निजी वाहनों से जांएगे 15 हजार भोपाल

भाजपा जिलाध्यक्ष बबला शुक्ला ने बताया कि जनजातीय गौरव दिवस 15 नवंबर को भोपाल में होने वाले कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ जनजातीय गौरव जागरण के साक्षी बनने के लिए बैतूल जिले से 320 बसों एवं सैकड़ो निजी वाहनों से 15 हजार से अधिक जनजातीय समाज बंधु भोपाल जाएंगे। उन्होंने बताया कि इसके लिए जनपद जोन वाइस पार्टी पदाधिकरियों की तैनाती की गई है जबकि हर वाहन पर वाहन प्रभारी नियुक्त कर लगातार लोगों से भोपाल चलने के लिए संपर्क किया जा रहा है। उन्होने कहा कि जनजातीय समाज के बंधुओं में इस कार्यक्रम को लेकर भारी उत्साह दिखाई पड़ रहा है।