नाबालिग को बहला फुसलाकर ले जाने व दुष्‍कर्म करने वाले आरोपी की जमानत निरस्‍त

विधिक संवाददाता

सीहोर १६ जून ;अभी तक; न्‍यायालय श्री मनीष लौवंशी अपर सत्र न्‍यायाधीश बुदनी जिला सीहोर  ने नाबालिग को बहला फुसलाकर ले जाने व दुष्‍कर्म करने वाले आरोपी की जमानत निरस्‍त कर दिया है । 

अभियोजन के अनुसार  फरियादिया सुशीला बतरा द्वारा दिनांक 17/05/2021 को थाना बुदनी उपस्थित होकर रिपोर्ट लेखबद्ध कराई कि मेरी 04 लडकियां है तथा मेरे पति का स्‍वर्गवास करीब 09 महिने पहले हो चुका है मेरी दो लडकियों का विवाह हो चुका है दिनांक 16/05/2021 को मैं घर पर थी करीब  04:00 बजे मेरी लडकी जिसकी उम्र 17 वर्ष है ने मुझसे कहा कि मैं बाजार से सामान लेकर आ रही हूं फिर मेरी लडकी बाजार चली गई । जो काफी देर तक घर वापस नही आई मैंने अपनी लडकी की तलाश आसपास व रिश्‍तेदारी में भी की लेकिन कोई पता नहीं चला । मेरी लडकी को कोई अज्ञात व्‍यक्ति बहला फुसलाकर ले गया है उक्‍त रिपोर्ट पर से धारा 363 भादवि का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया दौराने विवेचना दिनांक 23/05/2021 को अपहर्ता को अभियुक्‍त ब्रजेश दायमा पिता रामभरोस दायमा उम्र 20 साल निवासी बुदनी  एवं मुबारक कुरैशी उर्फ अन्‍ना पिता वहीद कुरैशी उम्र 20 वर्ष निवासी वार्ड क्रमांक 13 माना बुदनी के कब्‍जे से दस्‍तयाब किया गया   पीडिता के कथनों के आधारो पर से धारा 366,  376(2)(एन),34 भादवि एवं 5L/6 पॉक्‍सो एक्‍ट का प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना  में लिया गया ।

आरोपी  ब्रजेश  पिता  रामभरोस दायमा  उम्र 20 वर्ष निवासी वार्ड क्रमांक 13 आवास कालोनी माना बुदनी एवं मुबारक कुरैशी उर्फ अन्‍ना पिता वहीद कुरैशी उम्र 20 वर्ष निवासी वार्ड क्रमांक 13 माना बुदनी द्वारा  न्‍यायालय श्री मनीष लौवंशी अपर सत्र न्‍यायाधीश बुदनी जिला सीहोर के समक्ष जमानत आवेदन पेश किया गया जिस पर विशेष लोक अभियोजक श्री पंकज रघुवंशी द्वारा अपराध की गंभीरता के आधार पर आरोपी द्वारा प्रस्‍तुत  जमानत आवेदन का विरोध किया गया जिस पर माननीय न्‍यायालय द्वारा प्रकरण की परिस्थ्तियों को दृष्टिगत रखते हुए व अव्‍यस्‍क उत्‍तरजीवी के साथ कारित कृत्‍य को देखते हुए आरोपियों को जमानत का लाभ न देकर अभियुक्‍त  ब्रजेश  पिता  रामभरोस दायमा  उम्र 20 वर्ष निवासी वार्ड क्रमांक 13 आवास कालोनी माना बुदनी एवं मुबारक कुरैशी उर्फ अन्‍ना पिता वहीद कुरैशी उम्र 20 वर्ष निवासी वार्ड क्रमांक 13 माना बुदनी द्वारा प्रस्‍तुत जमानत आवेदन निरस्‍त किया गया ।