17 सितम्बर को जिले में भी चलेगा कोविड वैक्सीन टीकाकरण महाअभियान

आनंद ताम्रकार 

बालाघाट ११ सितम्बर ;अभी तक; प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के जन्म-दिवस 17 सितम्बर को प्रदेश के अन्य जिलों की तरह बालाघाट जिले में भी कोविड वैक्सीन टीकाकरण महाअभियान संचालित किया जाएगा। कलेक्टर डॉ गिरीश कुमार मिश्रा ने 17 सितम्बर के महाअभियान के लिए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे प्रयास करें कि शत-प्रतिशत पात्र नागरिकों को वैक्सीन का प्रथम डोज 17 सितम्बर को लग जाए। जो व्यक्ति शेष रह जायेंगे उनका टीकाकरण 26 सितम्बर तक अनिवार्यत: सुनिश्चित किया जाए। टीकाकरण दलों को निर्देशित किया गया है कि दिव्यांग और वरिष्ठ जन को उनके घरों पर जाकर कोविड वैक्सीन का टीका लगायें।

कलेक्टर डॉ मिश्रा ने सभी खंड चिकित्सा अधिकारियों, जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों एवं नगरीय निकायों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे अपने क्षेत्र के 18 वर्ष से अधिक की आयु के सभी पात्र लोगों को 26 सितम्बर तक कोविड वेक्सीन का प्रथम डोज लगवाना सुनिश्चित करें। 26 सितम्बर के बाद जिले का कोई भी पात्र व्यक्ति कोविड वैक्सीन के प्रथम डोज से वंचित नहीं रहना चाहिए। जिले के दूरस्थ एवं आदिवासी बाहुल्य ग्रामों में जहां पर टीकाकरण कम हुआ है वहां पर लोगों को जागरूक किया जाये और उन्हें बताया जाये कि कोविड वैक्सीन का टीका कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए लगवाना बहुत जरूरी है। इस टीके का कोई दुष्प्रभाव नहीं होता है और टीका लगाने से मृत्यु नहीं होती है। कलेक्टर डॉ मिश्रा ने अधिकारियों से कहा है कि वे अपने क्षेत्र के टीकाकरण केन्द्रों का सतत भ्रमण करें और लोगों को टीका लगवाने के लिए प्रेरित करें।

उल्लेखनीय है कि बालाघाट जिले में 18 वर्ष से अधिक की आयु के 13 लाख 77 हजार 206 लोगों को कोविड वैक्सीन का टीका लगाने का लक्ष्य है। इस लक्ष्य के विरूद्ध अब तक जिले में 11 लाख 18 हजार 562 लोगों को कोविड वैक्सीन का टीका लगा चुका है। इसमें से 9 लाख 35 हजार 636 लोगों को प्रथम डोज एवं एक लाख 82 हजार 926 लोगों को दूसरा डोज लग चुका है।

डेंगू के प्रति जागरूक रहने की अपील

कलेक्टर डॉ मिश्रा ने अधिकारियों को अपने क्षेत्र में डेंगू की रोकथाम के लिए अभियान चलाने एवं आम जनों को मच्छरों को पैदा होने से रोकने के प्रति जागरूक करने एवं नगरीय क्षेत्रों में फागिंग मशीन से धुआं करने के निर्देश भी दिये है। उन्होंने जिले की जनता से अपील की है कि वे अपने घरों के आसपास गड्ढ़ों एवं नालियों में पानी एकत्र न होने दें। नालियों को खुला न छोड़े और उसमें समय समय पर फिनाईल व आईल आदि डालते रहें। अपने घरों में कूलर, पुराने टायर, बर्तन आदि में पानी एकत्र न होने दें। पानी के बर्तनों को ढक कर रखें। बुखार आने पर लापरवाही न बरतें और खून की जांच अवश्य करायें।